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    बीमारी के श्राप से मुक्त होगी स्नेक गर्ल, सांप की तरह बदलती है स्किन

    Published: Sun, 05 Feb 2017 11:28 AM (IST) | Updated: Mon, 11 Sep 2017 04:52 PM (IST)
    By: Editorial Team
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    छतरपुर। इसे कुदरत की नाइंसाफी ही कहेंगे कि एक लड़की को अजीब बीमारी के चलते लोग सांप कहने लगे। इस पीड़ा को वो लड़की ही मससूस कर रह रही है जब लोग उसे आश्चर्य के साथ ही अजीब सी निगाहों से देखते हैं। मामला है छतरपुर की रहने वाली शालिनी यादव का है। लेकिन अब शालिनी को कुदरत के श्राप से मुक्ति मिलने की उम्मीदें जगी हैं क्योंंकि स्पेन का विक्टोरिया यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल उसका इलाज करने को तैयार हो गया है।

    दरअसल 16 वर्षीय शालिनी एरिथ्रोडर्मा नामक बीमारी से ग्रस्त है, जिसे रेड मैन सिंड्रोम भी कहा जाता है। इसमें इंसान की स्कीन (चमड़ी) सांप की केंचुली की तरह निकलने लगती है। शालिनी की स्कीन भी हर 2 महीनों में बदलती है। इसके चलते लोग शालिनी को 'स्नेक गर्ल' कहने लगे। उसकी दो बहनें भी हैं, जो बिल्कुल सामान्य हैं। डॉक्टर फिलहाल इस बीमारी का इलाज करने में नाकाम रहे हैं।

    अपनी बीमारी को लेकर शालिनी का कहना है कि उसकी स्किन हर दो महीनों में सूख जाती है, इस कारण उसे निकालना पड़ता है। इस दौरान उसे काफी दर्द भी होता है, लेकिन उसे बर्दाश्त करना पड़ता है। उसे अपनी स्कीन पूरे समय गीली कर रखना पड़ती है ताकि वह ज्यादा सूखे नहीं और उसे दर्द कम हो।

    इस अजीबोगरीब बीमारी के कारण उसका स्कूल जाना भी छूट गया क्योंकि उसको देखकर अन्य बच्चे डरने लगे थे, जिसके चलते उसने स्कूल जाना बंद करना पड़ा।

    शालिनी की बीमारी के बारे उसकी मां देवकुंअर बाई का कहना है कि जन्म के बाद से ही शालिनी को इस बीमारी ने जकड़ लिया था। जन्म के करीब 45 दिनों ही उसकी स्किन सख्त होना शुरू हो गई थी। तभी से उसका इलाज चल रहा है लेकिन ये ठीक नहीं हो पाई है। डॉक्टरों का कहना है कि इसका इलाज भारत में नहीं है।

    बता दें कि शालिनी के पिता राज बहादूर मजदूरी करते हैं, जिसकी वजह से परिवार का गुजारा भी बेहद मुश्किल से होता है। ऐसे में शालिनी को बेहतर डॉक्टर्स से दिखा पाना भी मुश्किल है।

    लेकिन स्पेन के एक अस्पताल शालिनी का इलाज करने के लिए तैयार हो गया है। लड़की की बीमारी के बारे में जब स्पेन के विक्टोरिया यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल को पता चला तो उसने शालिनी का इलाज करने का फैसला किया। अस्पताल ने इसके लिए शालिनी के परिवार से सम्पर्क किया है और वो अपने माता-पिता के साथ स्पेन रवाना हो गई है।

    परिवार को उम्मीद है कि अब शालिनी बीमारी के श्राप से मुक्त हो सकेगी।

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