Naidunia
    Tuesday, May 23, 2017
    PreviousNext

    पार्थिव के शतक से गुजरात पहली बार रणजी ट्रॉफी चैंपियन, रचा इतिहास

    Published: Sat, 14 Jan 2017 02:33 PM (IST) | Updated: Sat, 14 Jan 2017 08:16 PM (IST)
    By: Editorial Team
    parthiv patel 2017114 152724 14 01 2017

    इंदौर। कप्तान पार्थिव पटेल के शतक (143) की मदद से गुजरात ने 41 बार के चैंपियन मुंबई को 5 विकेट से हराकर रणजी ट्रॉफी खिताब जीत लिया। गुजरात ने पहली बार चैंपियन बनते हुए इतिहास रच दिया। इस दौरान गुजरात ने रणजी ट्रॉफी इतिहास में खिताब पाने के लिए सबसे बड़ा लक्ष्य हासिल किया। 312 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए गुजरात ने अंतिम दिन दूसरी पारी में 5 विकेट पर 313 रन बनाते हुए ऐतिहासिक जीत हासिल की। गुजरात दूसरी बार फाइनल में पहुंचा और पहली बार खिताब जीतने में सफल रहा।

    इसके पहले गुजरात ने अंतिम दिन दूसरी पारी में 47/0 से आगे खेलना शुरू किया। उसकी दिन की शुरुआत अच्छी नहीं रही और 89 रनों तक पहुंचते-पहुंचते उसके तीन विकेट गिर चुके थे। प्रियांक पांचाल 34 और भार्गव मेराई 2 रन बनाकर पैवेलियन लौटे। समित गोहिल ने 21 रन बनाए। इसके बाद पार्थिव ने मनप्रीत जुनेजा के साथ टीम को जीत के करीब पहुंचाया।

    कप्तान पार्थिव के साथ चौथे विकेट के लिए 116 रन बनाने के बाद मनप्रीत ने हेरवाडकर की गेंद पर तारे को कैच थमाया। पार्थिव ने शानदार शतकीय पारी खेली। वे 143 रन बनाने के बाद ठाकुर की गेंद पर उन्हें रिटर्न कैच दे बैठे। उन्होंने 24 चौके लगाए। इसके बाद राजुल भट्‍ट और चिराग गांधी ने जीत की औपचारिकता पूरी की।

    मुंबई ने पहली पारी 228 रन बनाए थे जिसके जवाब में गुजरात ने पहली पारी में 328 रन बनाकर 100 रनों की बढ़त हासिल की थी। इसके बाद मुंबई ने दूसरी पारी में 411 रन बनाकर गुजरात के सामने जीत के लिए 312 रनों का लक्ष्य रखा था।

    रणजी फाइनल में पांचवीं बार हारा मुंबई: मुंबई को रणजी ट्रॉफी फाइनल में 1990-91 के बाद पहली बार हार का सामना करना पड़ा। उस वक्त वह हरियाणा से हारा था। मुंबई 46वीं बार फाइनल में पहुंचा और उसे पांचवीं बार हार मिली।

    दूसरी बार फाइनल में पहुंचकर जीता पहला खिताब : गुजरात दूसरी बार रणजी फाइनल में पहुंचा। इससे पहले वह 1951 में फाइनल में पहुंचा था तब उसे इंदौर में होलकर टीम से हार मिली थी। अपने दूसरे प्रयास में गुजरात ने मुंबई को हराकर खिताब अपने नाम किया।

    प्रतिक्रिया दें
    English Hindi Characters remaining


    या निम्न जानकारी पूर्ण करें
    नाम*
    ईमेल*
    Word Verification:*
    Please answer this simple math question.
    +=

      अटपटी-चटपटी