सिमगा। नईदुनिया न्यूज

टीआइ ने शासकीय शराब दुकान के पास 30 चखना सेंटर को बंद करने का आदेश दिया है। आदेश के बाद चखना सेंटरों में सन्नााटा पसरा है। वहीं दूसरी ओर चखना सेंटर संचालकों का कहना है कि शराब भट्ठी के पास चखना दुकान तो बंद कर दिया गया है लेकिन सड़क किनारे के चखना सेंटर अब भी खुले रहते हैं। इस कारण पुलिस प्रशासन के खिलाफ नाराजगी है।

नगर पंचायत सिमगा स्थित देसी एवं अंग्रेजी शासकीय शराब दुकान के समीप लगभग 30 चखना सेंटर संचालित था। जहां गरीब परिवार के लोग चखना बेचकर अपने परिवार का भरण पोषण कर रहे थे लेकिन अब उन परिवारों के सामने रोजी रोटी की समस्या खड़ी हो गई है। क्योंकि शुक्रवार को सिमगा टीआइ दीनबंधु उइके ने सभी चखना सेंटर के संचालकों को थाने बुला कर स्पष्ट रूप से चेतावनी देते हुए कहा कि आज के बाद शराब दुकान के पास एक भी चखना दुकान नहीं होना चाहिए। जो लोग बात नहीं मानेंगे उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। टीआइ के आदेश के बाद शराब दुकान जाने वाले मार्ग पर जहां चखना सेंटरों में लोगों की भीड़ लगी रहती थी वहां अब सन्नााटा पसरा हुआ है। चखना सेंटर के संचालकों ने बताया कि भट्टी के पास चखना दुकान को तो बंद करा दिया गया लेकिन सड़क के किनारे स्थित चखना दुकान को बंद नहीं कराया गया है। पुलिस प्रशासन के रवैये से उनमें नाराजगी है।

होटल, ढाबों, पान ठेलों और खोमचों में कोचिए बेच रहे शराब

उल्लेखनीय हो कि नगर के होटल, ढाबों, पान ठेले व खोमचों में कोचियों द्वारा अवैध शराब ब्लैक में बेचा जा रहा है तथा ब्रांडेड कंपनी के शराब उनके पास आसानी से उपलब्ध हो जाते हैं लेकिन भट्टी में ब्रांडेड शराब नहीं दिखते। कोचियों पर कार्रवाई के बदले चखना दुकान ही बंद हो गया। अब पुलिस व आबकारी विभाग कोचियों पर कितना अंकुश लगाते हैं यह तो वक्त बताएगा। फिलहाल 30 चखना दुकान बंद होने से वे अब बेरोजगार जरूर हो गए हैं। वही आबकारी विभाग को बार-बार शिकायत करने के बाद भी कि कोचियों को सेल्समैन द्वारा पीछे के दरवाजे से शराब बेचा जा रहा है पर स्टाफ की कमी होने का रटा रटाया जवाब दिया जाता है।

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वर्जन

कोचियों को सेल्समैन द्वारा पीछे के दरवाजे से शराब बेचने की पुख्ता शिकायत मिलने पर जरूर कार्रवाई की जाएगी।

-मुकेश पांडेय आबकारी निरीक्षक

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बलौदा-गिधौरी मुख्य मार्ग पर खुलेआम पिलाई जा रही शराब

कटगी। कसडोल विकासखंड के गांव बलौदा से गिधौरी मार्ग पर बलौदा गांव के पास बघियाडबरी तालाब के पास शासकीय अंग्रेजी शराब दुकान संचालित हो रही है और इसी बलौदा से गिधौरी मुख्यमार्ग पर इन दिनों चखना दुकान की बढ़ोतरी हुई है। इस मार्ग से लगा हुआ चार-पांच चखना दुकानें चल रही हैं जहां शासन के नियमों को ठेंगा बताते हुए चखना दुकान में प्रतिबंधित वस्तु मछली, चिकन बेचकर बेधड़क मार्ग पर ही शराब पिलाई जाती है। जिससे रास्ते से गुजरते समय महिलाओं को भारी परेशानियों की सामना करना पड़ रहा है और इस तरह खुलेआम शराब पिलाए जाने से गुजरते वक्त महिलाओं एवं स्कूली बच्चे लज्जा महसूस करते हैं। वहीं चखना वाले लोगों को कहते हैं कि हमने इसके लिए आबकारी विभाग से अनुमति ली है। क्या आबकारी विभाग ने चखना दुकान की अनुमति दी है या मार्ग पर चखना दुकान में प्रतिबंधित सामग्री बेचकर बेधड़क मार्ग पर ही शराब पिलाने के लिए अनुमति दी है। यहां पर सवाल खड़ा हो रहे हैं। सवाल यह है कि इन पर रोक नहीं लगाया जा रहा है जबकि सार्वजनिक स्थान सड़क से लगे हुए हैं यह चखना दुकान फिर भी इन पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।

अक्सर होता है वाद-विवाद

शराब पिलाने का यह कारोबार सड़क किनारे हो रहा है जहां रोजाना हजारों लोगों का आना-जाना लगा रहता है। इस तरह शराब पिलाए जाने से वाद-विवाद की स्थिति निर्मित होती रहती है। जो कभी भी भयानक रूप ले सकता है। इस तरह सड़क से लगे चखना दुकानों वालों की शराब पिलाने की वजह से मार्ग पर गुजरते वक्त महिलाओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।