भिलाई। भिलाई इस्पात संयंत्र में एसएमएस 3 के प्रोजेक्ट एरिया में पिछले 5 वर्षों से पेटी कॉन्ट्रेक्टर के अधीन काम कर रहे श्रमिकों ने वेतन न मिलने से नाराज होकर शुक्रवार को हड़ताल कर दी। बाद में बीएसपी प्रबंधन द्वारा इन मजदूरों के वेतन के भुगतान का आश्वासन मिलने के बाद हड़ताल खत्म की गई।

भिलाई इस्पात संयंत्र में एचईसी, एल एण्ड टी, मुकुंद लिमिटेड व आर एन इलेक्ट्रिकल के ठेकेदार आरएन पाल के अधीन कई ठेका श्रमीक काम पर लगाए गए हैं। इन श्रमिकों को पिछले तीन माह से वेतन का भुगतान नहीं हुआ है। इसके साथ ही उन्हें किसी भी प्रकार का बोनस भी प्राप्त नहीं होता। इस बात से आक्रोशित मजदूरों ने शुक्रवार को एसएमएस 3 में काम ठप कर दिया और हड़ताल पर बैठ गए। मजदूरों ने हिंदुस्तान इस्पात ठेका श्रमिक यूनियन (सीटू) के दफ्तर पहुंच कर लिखित शिकायत की।

इसके बाद यूनियन प्रतिनिधियों ने पहल करते हुए तमाम जिम्मेदारों अधिकारियों सहित ठेका कंपनी के अधिकारियों से संपर्क किया। एचईसी के दफ्तर पहुंच कर ठेका श्रमीकों ने एडवाइजर से भी इस बारे में बात की गई। बीएसपी प्रबंधन की ओर से मजदूरों को जल्द ही वेतन भुगतान का आश्वासन मिलने के बाद हड़ताल खत्म की गई और मजदूरों ने काम शुरू किया।

सीटू ठेका यूनियन के अध्यक्ष जमील अहमद ने कहा कि श्रमिकों को समय पर वेतन भुगतान कराना भी ऑपरेटिंग अथॉरिटी की जिम्मेदारी है। ऑपरेटिंग अथॉरिटी केवल काम करवाने को अपनी जिम्मेदारी मान रहे हैं, जो कि गलत है। भिलाई इस्पात संयंत्र के हजारो ठेका श्रमीकों को वेतन नही मिलने के कारण हर एक दो दिन की आड़ में किसी न किसी विभाग में हड़ताल जैसी स्तिथि निर्मित हो रही है।