रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकार बदलने के बाद पिछली सरकार के दौरान चल रही योजनाओं का नाम बदलने की कवायद चल रही है। तीन दिन पहले सरकार ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के नाम चल रही पांच योजनाओं का नाम बदलकर इंदिरा, राजीव, महात्मा गांधी और आंबेडकर के नाम कर दिया था।

मंगलवार को दो अन्य नामों को बदलने का एलान किया गया। इसमें एक योजना पंडित दीनदयाल के नाम पर थी जबकि दूसरी भाजपा नेत्री राजमाता विजयाराजे सिंधिया के नाम चल रही थी। सरकार ने राजमाता विजयाराजे सिंधिया कन्या विवाह योजना का नाम मिनीमाता कन्या विवाह योजना कर दिया है।

पंडित दीनदयाल अन्न श्रम सहायता योजना का नाम अब शहीद वीरनारायण सिंह श्रम अन्न् सहायता योजना होगा। पिछली बार जब दीनदयाल के नाम चल रही योजनाओं का नाम बदलकर कांग्रेस के राष्ट्रीय नेताओं के नाम किया गया तो सोशल मीडिया में इस बात को लेकर सरकार की आलोचना हुई कि नाम ही बदलना था तो स्थानीय नेताओं के नाम रखते।

अबकी बार सरकार ने दोनों योजनाओं का नाम छत्तीसगढ़ की विभूतियों के नाम रखा है। मिनीमाता सतनामी समाज की पूज्य हैं। वे कांग्रेस की सांसद भी रहीं। शहीद वीरनारायण सिंह आदिवासी समाज के पूज्य हैं। वे आजादी के आंदोलन में शहीद हुए थे।

इधर नाम बदलने पर हो रही सियासत पर जब नगरीय प्रशासन मंत्री शिव डहरिया से बात की गई तो उन्होंने कहा कि पिछली सरकार ने योजनाओं का नाम बदला था। हम तो पुराना नाम वापस दे रहे हैं बस।