बिलासपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

बसंत पंचमी रविवार को आस्था के साथ मनाई जाएगी। बसंतोत्सव पर बन रहे सर्वार्थ सिद्घि और रवियोग के साथ ही शुभ योग, साध्य योग भी बन रहे हैं, जो पर्व का महत्व भी कई गुना बढ़ रहे हैं। विशेष संयोगों के साथ मां सरस्वती के पूजन के साथ ही हवन, विद्या आरंभ समेत विविध धार्मिक व सांस्कृतिक आयोजन होंगे।

बसंत पंचमी का पर्व माघ शुक्ल पंचमी को मंदिरों के साथ ही कई जगहों पर मनाया जाएगा। वहीं वसंत पंचमी के अबूझ मुहूर्त में पूजन के साथ ही मांगलिक कार्यों की भी धूम रहेगी। विद्या आरंभ, नामकरण संस्कार समेत नए कार्यों की शुरुआत का मुहूर्त रहेगा। गायत्री मंदिर समेत स्कूलों और गुरु-शिष्य परंपरा में संगीत व नृत्य की शिक्षा लेने वाले कला साधक मां सरस्वती का पूजन करेंगे। इसके साथ ही रेलवे परिक्षेत्र स्थित बंगाली स्कूल में मेले जैसा माहौल रहेगा। ऋतुराज बसंत के आगमन का पर्व बसंत पंचमी पर सभी ओर उत्सव का माहौल रहेगा। होलिका दहन के लिए तैयारी भी इसी दिन से शुरू हो जाएगी।

0 है पौराणिक महत्व

पौराणिक कथाओं में प्रचलित एक कथा के अनुसार भगवान ब्रम्हा ने संसार की रचना की, लेकिन उन्हें लगा कि उनकी रचना में कुछ कमी रह गई है। इसीलिए उन्होंने अपने कमंडल से जल छिड़का, जिससे चार हाथों वाली एक सुंदर स्त्री प्रकट हुई। उस स्त्री के एक हाथ में वीणा, दूसरे में पुस्तक, तीसरे में माला और चौथा हाथ वर मुद्रा में था। ब्रह्माजी ने इस सुंदर देवी से वीणा बजाने को कहा। जैसे ही वीणा बजी ब्रह्मा जी की बनाई हर चीज में स्वर आ गया। तभी ब्रह्मा जी ने उस देवी को वाणी की देवी सरस्वती नाम दिया। यह दिन बसंत पंचमी का था।

0 ऐसे करें पूजन

मां सरस्वती को प्रसन्न करने के लिए पीले फूल अर्पित करें। साथ ही पूजा स्थान में वाद्ययंत्र और किताबें रखकर पूजन करें व मां की वंदना करते हुए पकवान सहित सभी प्रकार की पूजन सामग्री पीले रंग की अर्पित करें। इस दिन पीले रंग के परिधानों को पहनना भी शुभ माना जाता है। इस दिन गुरु से आशीर्वाद लें और उन्हें कुछ उपहार देने चाहिए।

0 शुभकारी है मुहूर्त

विवाह और गृह प्रवेश के लिए भी यह अच्छा संयोग है। इस दिन बिना पंचांग देखे गठबंधन किया जा सकता है। साथ ही नया कारोबार शुरू करने, वाहन की खरीदारी के लिए भी शुभमुहूर्त है। पंचांग के अनुसार बसंत पंचमी पर बना शुभ संयोग खरीदारी व शुभ कार्यों के लिए उत्तम है।

0 वैष्णव महासभा का पारिवारिक मिलन समारोह

बसंत पंचमी पर छत्तीसगढ़ वैष्णव महासभा की जिला स्तरीय बैठक 10 फरवरी को होगी। इसमें समाज के प्रतिभावान विद्यार्थियों के सम्मान के साथ विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिभाशाली और वरिष्ठजन का सम्मान किया जाएगा। समाज के सचिव गोविंद वैष्णव ने बताया कि इसमें तहसील और ग्रामीण स्तर पर समाज के लोग परिवार के साथ शामिल होंगे। मुख्य अतिथि वैष्णव महासभा के अन्नपूर्णा वैष्णव और अध्यक्षता राकेश दास वैष्णव करेंगे।

0 बंगाली समाज का मेगा डांस

बंगाली समाज की ओर से तोरवा बंगाली भवन में मेगाडांस और सरस्वती पूजा का आयोजन शाम चार बजे किया गया है। इस ओपन प्रतियोगिता में ग्रुप डांस, सोलो डांस का होगा। विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया जाएगा। इसकी तैयारियों में समाज के पल्लव धर, पार्थो चक्रवर्ती, पूर्तिधर, अनूप सरकार, बूला विश्वास, सरस्वती नाथ, निहार रंजन मल्लिक, शंकर दत्ता, डॉ.विजेंद्र घोष, रंजीत बोस, डॉ.अनूप विश्वास, वनलता विश्वास, अरविंद विश्वास, गजेंद्र, संजय चटर्जी आदि जुटे हैं।