दंतेवाड़ा। नक्सलियों ने स्वीकार किया है कि बस्तर के दंडकारण्य में एक साल में फोर्स ने उनके 168 साथियों को मार गिराया है। वहीं नक्सलियों ने इन मुठभेड़ों में 90 जवानों को शहीद करने व 190 से अधिक को घायल करने का दावा भी किया है। बड़ी संख्या में नक्सलियों के मारे जाने के बाद नक्सली संगठन की कमान गणपति की जगह बसवराजू को सौंप दी गई है।

केंद्रीय कमेटी के प्रवक्ता अभय के नाम से जारी बयान में इस परिवर्तन के पीछे गणपति की अधिक उम्र और अस्वस्थता को कारण बताया गया है। दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी के प्रवक्ता विकल्प के नाम से बुधवार को एक बयान जारी हुआ है। इसमें देश में 75 महिलाओं सहित 230 नक्सलियों के मारे जाने का उल्लेख किया गया है।

इनमें दंडकारण्य के 168 सदस्य शामिल हैं, जिनमें एक डीवीसी सचिव, दो सदस्य, एक एरिया कमेटी सचिव आदि शामिल हैं। नक्सलियों ने फोर्स से 25 हथियार व गोलियां लूटने, सात बड़ी मुठभेड़ करने, करीब 300 छापामार युद्ध करने का दावा भी किया गया। नक्सलियों ने 2 से 8 दिसंबर तक शहीद सप्ताह मनाने की घोषणा भी की है। इस दौरान वे नक्सल संगठन में नई भर्तियां भी करेंगे।

गणपति ढाई तो केशव डेढ़ लाख का इनामी

नक्सलियों के दावे के अनुसार 25 साल से महासचिव के पद पर कार्यरत मुपल्ला लक्ष्मण राव उर्फ गणपति ने खराब सेहत की वजह से खुद ही पद छोड़ दिया है। उसकी जगह 63 वर्षीय नंबाला केशव राव उर्फ बसव राजू को महासचिव बनाया गया है, जो कि इंजीनियरिंग स्नातक है। गणपति पर ढाई तो बसव पर डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक का इनाम घोषित है। एसपी डॉ. अभिषेक पल्लव ने बताया कि फोर्स अब ज्यादा सतर्क रहेगी क्योंकि केशव इंजीनियर है। वह आइईडी और एंबुश प्लान करने में माहिर है।