धमतरी। नईदुनिया प्रतिनिधि

अनुदान प्राप्त शिक्षकों को बीते तीन- चार माह से वेतन नहीं मिल पाया था। इसके चलते शिक्षक आर्थिक दिक्कत से जूझ रहे थे। होली जैसा पर्व भी कर्मचारियों ने बिना वेतन के मनाया। अनुदान प्राप्त शिक्षकों व कर्मचारियों की समस्या को लेकर नईदुनिया ने समाचार का प्रकाशन किया। समाचार प्रकाशित होने के बाद कर्मचारियों को वेतन की राशि प्राप्त हुई।

वेतन भुगतान में लेटलतीफी के चलते अनुदान प्राप्त शिक्षक और कर्मचारियों की आर्थिक खराब होने लगी थी। मिडिल स्कूल के शिक्षकों व कर्मचारियों को तीन माह तथा हाई स्कूल के शिक्षकों, कर्मचारियों को चार माह से वेतन प्राप्त नहीं हो पाया था। इसके चलते सभी आर्थिक समस्या से परेशान थे। वेतन प्राप्त न होने के संबंध में धमतरी जिला संघ के पदाधिकारियों द्वारा उच्च अधिकारियों को पत्र प्रेषित किया गया। इसके बाद भी कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला। समय पर वेतन नहीं मिलने तथा इससे हो रही समस्या को लेकर नईदुनिया ने अपने 30 मार्च के अंक में 44 शिक्षक को तीन माह से वेतन के लाले शीर्षक से खबर का प्रमुखता से प्रकाशन किया था। समाचार को संज्ञान में लेकर शासन द्वारा कुछ दिन पूर्व ही जिले के सभी अनुदान प्राप्त शिक्षकों व कर्मचारियों को वेतन की राशि जारी की गई। मालूम हो कि धमतरी शहर में अनुदान प्राप्त शिक्षकों व कर्मचारियों की संख्या 44 है। एक माह में करीब 24 से 25 लाख का खर्च वेतन में होता है। शहर में तीन प्राथमिक, दो माध्यमिक स्कूल और तीन हायर सेकेंडरी स्कूल हैं, जिन्हें शत प्रतिशत अनुदान मिलता है।