रायपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

लगातार तीन महीने से चल रही धान खरीदी में किसानों की आवक कम हो रही है। ऐसा नहीं कि परिवहन या उठाव नहीं हो रहा है, बल्कि रायपुर संभाग के लगभग सभी समिति केंद्रों में खरीदी 75 फीसद पूरी हो चुकी है। वहीं अभी तक नहीं बेच चुके कृषक ही समिति केंद्र पर पहुंच रहे हैं। टोकन वितरण भी 25 जनवरी तक किया जाएगा, ताकि कोई भी कृषक खरीदी से वंचित न रह पाए। सोमवार तक रायपुर संभाग में कुल धान खरीदी चार लाख एक सौ 17 मीट्रिक टन हुआ है, जिसमें मिलर्स तीन लाख 246 मीट्रिक टन को जारी कर दिया गया है। इसके अलावा लिंकिग के माध्यम से कर्ज की वसुली राशि भी सहकारी बैंकों ने किसानों के खाते में वापस कर दिए हैं।

नहीं कट रही कोई राशि

सांकरा समिति केंद्र की मानें तो यहां पर धान खरीदी लगभग पूरी हो चुकी है। उठाव की प्रक्रिया चल रही है। समिति के चुनमुन साहू की माने तो शासन के निर्देश के बाद से केंद्र पर धान बेचने आ रहे कृषकों की कोई राशि नहीं काटी जा रही है। वहीं 30 नवंबर 2018 तक लिकिंग से कटी 411 करोड़ राशि को भी वापस कर दिया गया । ज्ञात हो रायपुर संभाग में कुल राशि 1363 करोड़ रुपये कृषकों का कर्ज था, जिसे शासन के निर्देश के बाद माफ कर दिया गया है।

समय पर राशि उपलब्ध तो संकट नहीं

किसानों के कर्ज माफी की घोषणा के बाद जिले के सहकारी बैंकों की वित्तीय स्थिति पर लगभग पांच हजार एक सौ सत्रह करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार पड़ा है, जिसमें सरकार ने प्रथम राशि के रूप में विधानसभा में 3000 करोड़ रुपये देने का प्रस्ताव दिया है। लगभग इसी तरह से ग्रामीण सहकारी बैंकों को भी 1200 करोड़ रुपये जारी करने का प्रस्ताव जारी किया। वहीं इस संबंध में बैक के आलाअधिकारियों का कहना है कि बैक की वित्तिय स्थिति के बारे में तो वर्ष के अंत में पता चलेगा। वहीं मौजुदा कर्ज राशि से बैंक पर वित्तीय प्रभाव जरूर पड़ा है, लेकिन प्रस्तावित राशि के साथ शेष राशि भी यदि समय पर उपलब्ध हो जाएगा। बहुत अधिक वित्तीय संकट की स्थिति नहीं पैदा होगी।

फैक्ट फाइल में

-रायपुर में धान की खरीदी - 4 लाख एक सौ 17 मीट्रिक टन

-मिलर्स को जारी- 3 लाख 246 मीट्रिक टन

-परिवहन, संग्रहण केंद्र में जमा- 13 हजार 996 मीट्रिक टन (खरीदी का 75 फीसद हुआ उठाव)

-उपार्जन केंद्र में जमा- एक लाख तीन हजार, तीन सौ सरसठ मीट्रिक टन

-नान में जमा 80 हजार चार सौ उन्नतीस मीट्रिक टन

-एफसीआई में जमा- 83 हजार 9 सौ बाइस मीट्रिक टन

-खरीदी व बिक्री किसानों की संख्या- 89 हजार 917

-बैंक की वित्तीय स्थिति

-रायपुर संभाग में कुल कर्ज राशि- 1363 करोड़ रुपये

-लिकिंग के माध्यम से वसुली राशि- 411 करोड़ (जिसे उनके खाते में ट्रांसफर कर दिया गया)

-बैंक पर कुल ओवर ड्रा कुल राशि- 5 हजार एक सौ सत्रह करोड़

-प्रदेशभर में 15 लाख कृषकों का कर्ज माफ हुआ।

-लिंकिंग के माध्यम से 1248 करोड़ रुपये वसुले गए थे। जिसे घोषणा होने के बाद किसानों के खाते में वापस कर दिया गया है।