जगदलपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

देश की प्रति्रित समाजसेवी संस्था सारथी के प्रयास से बस्तर विकासखंड के ग्राम गुरिया में गुरूवार को दो दर्जन से ज्यादा ग्रामीण महिलाओं ने ट्रैक्टर चलाना सीखा। मशीन से रोपा कैसे लगाते हैं, इसकी जानकारी भी प्राप्त की? यह मौका था दुनिया में सबसे ज्यादा 30 लाख ट्रैक्टर बनाने वाली कंपनी महिन्द्रा की खुशी का। इसके चलते कंपनी के विशेषज्ञ भी मुंबई से गुरिया पहुंचे थे। सारथी संस्था ने गुरूवार दोपहर गुरिया में तिरथा, घोटिया, गुडागांव, राजपुर, कुरूषपाल, नारायणपाल, टेमरा, सुधापाल आदि गांवों की महिला स्व सहायता समूह की दर्जनों महिलाओं को आमंत्रित किया था। यहां प्रदर्शन के लिए 10 से अधिक ट्रैक्टर और रोपा लगाने की मशीनें लाई गई थीं। महिलाओं को पहले ट्रैक्टर और आधुनिक यंत्रों से उन्नत खेती करने की जानकारी दी गई वहीं उत्साही दो दर्जन महिलाओं को ट्रैक्टर चलाना भी सिखाया गया। इस मौके पर घोटिया की चंपी दीवान, तिरथा की फूलमती चौहान, गुरिया की वेदकुमारी बघेल ने बताया कि महिलाओं को तकनीकी शिक्षा के साथ ट्रैक्टर चलाना सिखाने का कार्य उनके क्षेत्र में पहली बार हुआ है। महिलाओं का सुझाव है कि ग्रामीण बेरोजगारों को ट्रैक्टर और जीप आदि चलाने का प्रशिक्षण देकर रोजगार उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाना चाहिए।