कोरबा, नईदुनिया प्रतिनिधि। रात में चरित्र संदेह को लेकर पति-पत्नी के बीच तू-तू मैं-मैं हुई थी। शंका की आग में जल रहा पति रात भर सोया नहीं और पत्नी को जान से मार देने की योजना बना डाली। तड़के 5 बजे उसने पत्नी को नींद से उठाकर विवाद करने लगा और लोहे के तवे से सिर पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। खून से लथपथ पड़ी पत्नी का गला घोंटकर उसे जान से मार दिया। दो पुत्रियों ने बीच-बचाव की कोशिश की तो उन्हें भी पीटा।

बाल्को थाना के भदरापारा बस्ती स्थित अंबेडकर चौक में रहने वाला नरेंद्र आनंद गुरूवार की सुबह करीब 5 बजे अपनी पत्नी पना बाई (48) को नींद से जगाया उस वक्त वह अपनी पुत्री रंजीता व संजीता के साथ सो रही थी। चरित्र संदेह को लेकर अक्सर पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ करता था। इसी बात को लेकर वह पुनः पत्नी के साथ विवाद करने लगा। उसने कहा कि मेरी हत्या करवाना चाहती है। जा उसे बुलाकर ला, जिससे मेरी हत्या कराना चाहती है। शोरगुल सुन दोनों पुत्रियों की भी नींद खुल गई। तैश में आकर नरेंद्र कीचन में रखा लोहे का तवा हाथ में उठा रखा था। पुत्रियों ने बीच-बचाव की कोशिश की पर तवे से पना बाई के सिर व कनपटी पर वार कर दिया।

खून से लथपथ पना बाई जमीन पर गिर गई। इतने में भी उसका गुस्सा शांत नहीं हुआ और गंभीर रूप से जख्मी अवस्था में उसका बेरहमी से गला घोंट कर मौत के घाट उतार दिया। गुस्से से आगबबूला नरेंद्र बीच-बचाव करने पहुंचे बच्चों को भी पीटने लगा और उन्हें आग के हवाले करने की कोशिश की। घटना को अंजाम देने के पहले उसने कमरे को अंदर से लॉक कर दिया था। रंजीता कमरे का ताला खोलने की कोशिश की तो उसे बाहर नहीं जाने दिया। जैसे-तैसे हिम्मत कर उसने ताला खोलकर लोगों को घटना की जानकारी दी और इसके बाद पड़ोसियों की सूचना पर बाल्को पुलिस और 112 की टीम मौके पर पहुंची। आरोपित को पुलिस ने हत्या के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है।

पापा कहते थे किसी से बात मत करों

मृतका की पुत्री रंजीता ने बताया कि उसकी मां किसी से बात करती थी तो इसे लेकर उसके पिता विवाद करते थे। मां अक्सर पिता को काम में जाने की लिए कहती थी, यह बात उन्हें नागवार गुजरता था। उन्हें संदेह था कि जानबूझकर काम में बाहर भेजना चाहती है। इसी बात को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा था। बुधवार की रात को चर्च के पास्टर घर में आए थे। उनके जाने के बाद पिता ने विवाद शुरू कर दिया था।

पहले भी किया था हमला,गया था जेल

तीन माह पहले भी चरित्र संदेह को लेकर नरेंद्र ने पना बाई के सिर पर लोहे के रॉड से हमला कर दिया था। इसकी शिकायत उसकी पत्नी ने बाल्को थाना में की थी। पुलिस ने मामले में मारपीट का मामला पंजीबद्घ कर आरोपित को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। एक सप्ताह जेल में था, लेकिन जेल से लौटने के बाद वह फिर से पना बाई के साथ विवाद शुरू कर दिया था।

पत्नी के झूठ बोलने से था नाराज

घटना की जानकारी देते हुए बाल्को थाना प्रभारी प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि बुधवार की रात को चर्च का पास्टर घर आया था। इस दौरान नरेंद्र को पता चला कि पास्टर ने उसे चर्च जाने से मना नहंी किया है, बल्कि पना बाई स्वयं ही चर्च जाने से मना करती है। इसकी जानकारी लगने पर वह आगबबूला हो गया और पत्नी के साथ झूठ बोलने को लेकर विवाद करने लगा।