रायपुर । यदि कोई प्रोडक्ट हमें पसंद आ जाता है तो हम उसे जरूर यूज करते हैं, चाहे लोग उसके बारे में कुछ भी बोलें। आज सीरियल भी एक प्रोडक्ट की तरह है, जिसे सीरियल पसंद आएगा, वह उसे देखेगा ही। यह कहना है स्टार प्लस पर प्रसारित होने वाले धारावाहिक वीर की अरदास...वीरा के मुख्य किरदार रनवीर का। वे शनिवार को सीरियल के प्रमोशन के लिए राजधानी रायपुर आए हुए थे। इस दौरान रील और रियल लाइफ के बारे में उन्होंने खुलकर बातें कीं।

बकौल रणवीर (रनवि) रियल लाइफ में मेरी कोई सिस्टर नहीं है। यही कारण है कि प्रियंवदा (सिमरन) के साथ पहले दिन से ही मेरी बाउंडिंग भाई-बहन वाली रही है। सीरियल में और फिल्मों में रोमांटिक पेयर बनाना तो आसान है, लेकिन भाई-बहन वाली जोड़ी बड़ी मुश्किल से बनती है। सीरियल के बारे में रणवीर कहते हैं कि वीरा के लिए फर्स्ट एप्रोच मैंने कैंसिल कर दी थी, लेकिन जब मैंने स्टोरी पढ़ी तो मुझे लगा कि यह मुझे जरूर करना चाहिए।

फेसबुक से मॉडलिंग और एक्टिंग तक

एक्टिंग के सफरनामे पर रणवीर कहते हैं कि मैंने कभी सोचा नहीं था कि मैं फेसबुक से मॉडलिंग और डेली सोप की दुनिया में कदम रखूंगा। रणवी ने बताया कि शुरुआती दिनों में मैं अपने फोटो और पोर्टफोलियो फेसबुक पर अपलोड करता था। मेरी फेसबुक के फोटोज के आधार पर ही मुझे मॉडलिंग का ऑफर मिला और उसके बाद सीरियल का। आगे की योजनाओं के बारे में बताते हुए वे कहते हैं- मैंने कभी भविष्य की योजनाएं नहीं बनाईं। अभी मैं वीर की अरदास वीरा कर रहा हूं, आगे पता नहीं क्या करूंगा।

टीआरपी से कोई लेना-देना नहीं

वीर की अरदास...वीरा के लिए अब प्रमोशन की जरूरत क्यों आन पड़ी है, क्या यह हम होते टीआरपी के लिए है? इस सवाल के जवाब में रणवीर ने कहा कि मेरा लेना-देना टीआरपी से बिल्कुल भी नहीं है। मैं केवल यह देखता हूं कि दर्शक मुझे पसंद कर रहे हैं या नहीं। यदि दर्शकों को मेरा काम पसंद आएगा तो वे सीरियल जरूर देखेंगे। सीरियल के अन्य किरदार के बारे में उन्होंने कहा कि मेरी ताई (शगुफ्ता जी) 30 साल से इस इंडस्ट्रीज में हैं। ऐसे में उनका अनुभव समय-समय पर मुझे मिलता रहता है।