रायपुर। मंदिर में पूजा-पाठ करने और मस्जिद में नमाज के दौरान आप मोबाइल बंद करना भूल गए हैं तो कोई दिक्कत की बात नहीं। अपने आप ही मोबाइल इन लोकेशन में पहुंच कर साइलेंट हो जाएगा। एनआइटी के दो छात्रों भूषण ठाकरे और ऋषभ विश्वकर्मा ने एक एप तैयार किया है जो लोकेशन के अनुसार साइलेंट और लाउड मोड पर चला जाता है। इस एप की कई खासियत है। इसमें टाइमिंग के साथ या सुविधा अनुसार साइलेंट और लाउड मोड को एक्टिव किया जा सकता है।

पूजा में व्यवधान से बचाएगा एप

मंदिर में ध्यान लगाते वक्त और मस्जिद में नमाज के दौरान मोबाइल बजने से व्यवधान पैदा होता है। इससे यह एप बचाता है। इसे गूगल प्ले स्टोर में डालने की कवायद जारी है। इस एप में पांच वक्त की नमाज के हिसाब से 20 या 30 मिनट का टाइम सेट करके निर्धारित समय के लिए साइलेंट मोड में किया जा सकता है।

ये भी सुविधा

रमजान के मौके पर कई एप युवाओं की खास पसंद बन गए हैं। इनमें एक है अलकुरआन -उल करीम। इसमें कुरआन पाक की सभी आयत टेक्स्ट और ऑडियो वर्जन में मौजूद हैं। रमजान टाइमिंग एप में सहरी और इफ्तार की सही टाइमिंग है। यह आपको वक्त पर अलर्ट भी करता है।

ऐसे तैयार किया एप

छात्रों ने बताया कि एप के लिए पैथान लैंग्वेज में कोडिंग की गई। साथ ही मंदिरों और मस्जिदों के लोकेशन को डाला गया, उक्त लोकेशन को मोबाइल यूजर सलेक्ट कर आसानी से उपयोग कर सकें। छात्रों ने बताया कि मस्जिद और मंदिर को आटो लोकेशन में सलेक्ट करने से जब भी आप मंदिर या मस्जिद के समाने से गुजरेंगे तो अपने आप मोबाइल साइलेंट मोड में चला जाएगा। टाइमिंग सेट करने से उक्त समय पर ही वो साइलेंट मोड में जाएगा।