रायपुर। हौसले बुलंद हों तो चट्टान से भी टकराया जा सकता है। शेख आलम की कही बात को दिल्ली से साइकिल चला कर पहुंचे आफताब फरीदी साबित कर रहे हैं। 15 हजार किलोमीटर की साइकिल से यात्रा तय कर गुरुवार को आफताब राजधानी पहुंचे। नईदुनिया से बातचीत में बताया कि मैं साइकिल राइडिंग का नेशनल खिलाड़ी हूं। मेरा एक ही सपना है कि देश का हर व्यक्ति सैनिकों का सम्मान करें।

उनके देश-प्रेम की भावना को समझें। वे देश की ऐसी जगहों पर तैनात हैं, जहां भौगोलिक स्थिति ठीक नहीं। आम इंसान वहां रह भी नहीं सकता। ऐसे में वह चट्टान की तरह खड़े रहकर देशवासियों की सेवा कर रहे हैं। इन्हीं कारणों से मेरी साइकिल में लगा तिरंगा दिन-भर लहराता रहता है, ताकि लोगों में देश-प्रेम की भावना जागे।

दिल्ली से 26 अगस्त को हुई थी शुरुआत

आफताब ने बताया कि रक्षाबंधन के दिन 26 अगस्त को दिल्ली से साइकिल में देश-भर के भ्रमण में निकला था। नार्थ इंडिया को पूरा करते हुए अब सेंट्रल इंडिया कुछ ही दिनों में पूरा हो जाएगा। छत्तीसढ़ से शुक्रवार को ओड़िशा होते हुए साउथ इंडिया जाऊंगा। उसके बाद वेस्ट इंडिया में प्रवेश करूंगा। इसमें गोवा से होते हुए 15 जून 2019 तक वापस दिल्ली पहचुंगा।

जम्मू से लेकर कन्याकुमारी में तैनात सैनिकों से मिला

जम्मू की सरहद में तैनात सैनिकों से मुलाकात की। उसके बाद अटारी बॉर्डर और कन्याकुमारी में तैनात सैनिकों से मिला। सबसे ज्यादा सैनिकों को मुझ से मिल का खुशी हुई। हर बॉर्डर पर उन्होंने मेरा मेरा स्वागत किया। साथ ही बहुत सी बातें और अपने किस्से और कहानी सुनाए।

बनाऊंगा गिनीज बुक रिकॉर्ड

आफताब का कहना है कि साइकिल से देश भ्रमण कई युवाओं ने किया है लेकिन कोई नेशनल खिलाड़ी ने पूरे देश का भ्रमण नहीं किया है। ऐसे में गिनीज बुक ऑफ रिकॉर्ड बनने की संभावना पूरी तरह से बन रही है। इसके लिए मैंने आवेदन किया है। इसके लिए मेरी साइकिल में लगा जीपीएस सिस्टम और हेलमेट में लगे कैमरे की वीडियो रिकॉर्डिंग से पूरा किया जा सकता हैं।