रायपुर। राजधानी के एक फैक्टरी मालिक से 1 करोड़ की ठगी की कोशिश का मामला सामने आया है। दरअसल फैक्टरी के नाम से जारी चेक बुक में से चार चेक अज्ञात व्यक्ति ने चुराकर उसमें संचालक का फर्जी साइन करके बैंक से भुनाने की कोशिश की। बैंक की सजगता के कारण ठग पैसा नहीं निकाल पाए। पुलिस ने शिकायत पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।

कोतवाली पुलिस ने बताया कि आमानाका थानाक्षेत्र के हीरापुर जरवाय में नरेंद्र तिवारी (47) की आशुतोष इंजीनियरिंग इंस्ट्रक्चर्स इंडस्ट्रीज प्रालि कंपनी है। कंपनी संचालक नरेंद्र तिवारी ने थाने में शिकायत दर्ज कराई कि 1 जून 2016 से 29 अगस्त 2016 के बीच कंपनी के नाम से पानीपत (हरियाणा) स्थित स्टेट बैंक शाखा में अज्ञात व्यक्ति ने 1 करोड़ रुपए की राशि भरकर चार अलग-अलग चेक जमा किए थे। यह चेक क्लीयरेंस के लिए जब पचपेड़ी नाका पुजारी चेम्बर स्थित स्टेट बैंक शाखा में आया तो बैंक प्रबंधक द्वारा नरेंद्र को फोन करके पूछा कि क्या आपने 1 करोड़ रुपए का चेक क्लीयरेंस के लिए लगाया है? यह सुनते ही नरेंद्र के होश उड़ गए। सच्चाई का पता लगाने वे खुद सोमवार दोपहर को बैंक पहुंचे, तब पता चला कि उनकी कंपनी के नाम से जारी चेक बुक से तीन महीने पहले गायब हुए चारों चेक में किसी ने उनका फर्जी हस्ताक्षर कर उसे भुनाने की कोशिश की है। बैंक प्रंबधक ने भी जांच में पाया कि अज्ञात व्यक्ति द्वारा चेक में फर्जी साइन कर क्लीयरेंस के लिए जमा किया था, लेकिन बैंक कैशियर की सजगता से यह नहीं हो पाया। पुलिस ने मामले में अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 420,467,468,471,511 के तहत अपराध कायम कर लिया है।