रायपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। जैसे ही दोपहर सवा एक बजे के लगभग दिल्ली जाने वाली सम्पर्क क्रांति और इंटरसिटी एक्सप्रेस 3 मिनट आगे-पीछे पहुंचीं, वैसे ही फुट ओवरब्रिज की 5 फीट चौड़ी सीढ़ियों से उतरने और चढ़ने के लिए अचानक देखते ही देखते 600 से अधिक यात्रियों का दबाव बढ़ गया। उधर 10 मिनट में संपर्क क्रांति और 3 मिनट में इंटरसिटी छूटने वाली थी।

ऐसे में कुछ युवा सामान लेकर धक्का-मुक्की करते ट्रेन पकड़ने के लिए उतरने लगे। कुछ लोगों ने उन्हें टोका तो वे आगबबूला होकर यात्रियों को धकेलने लगे। ऐसी स्थिति में जब भगदड़ मची तो फुटओवर ब्रिज पर यात्रियों की लम्बी कतारें लग गईं। ये सीन करीब 30 मिनट तक चलता रहा लेकिन कोई भी मौके पर सुरक्षाकर्मी नहीं पहुंचा। बहरहाल संयोगवश यात्रियों के हल्की चोट के अलावा कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।

युवकों ने घेराबंदी कर यात्रियों को रोका

जैसे ही सीढ़ी पर भगदड़ मची तो कुछ युवकों ने फुटओवर ब्रिज पर ही एक-दूसरे का हाथ पकड़कर घेराबंदी कर दी, इससे जाने वाली भीड़ थम गई। जब सीढ़ी पर यात्रियों की भीड़ कम हुई, तब कहीं स्थिति सामान्य हुई।

सीसीटीवी कैमरे से भी नहीं अलर्ट

हैरतवाली बात है कि अनारक्षित टिकट काउंटर से मुख्य फुट ओवरब्रिज, जो सभी प्लेटफॉर्मों की सीढ़ियां जाती हैं, जहां सीसीटीवी कैमरे भी लगे, ताकि आपातकालीन स्थिति की जानकारी कंट्रोल रूम मिले सके। वहीं जरूरत पड़ने पर तत्काल सुरक्षाकर्मियों को मौके पर भेजा जा सके।

साहब को नहीं लगी भनक

वाह, क्या खूब स्टेशन डॉयरेक्टर को इस भगदड़ के बारे में भनक तक नहीं लगी। जब पूछा गया तो उन्होंने बताया कि हमें जानकारी नहीं है। बोले- क्या करें, ऐसे हालात तो हर दिन होते रहते हैं।

ये हैं फुटओवर ब्रिज, इनकी चौड़ाई ही कम

1.पार्सल घर से निकलने वाले फुटओवर ब्रिज की चौड़ाई महज साढ़े 3 फीट है।

2. अनारक्षित टिकट घर से फुटओवर ब्रिज की चौड़ाई तो ठीक है, लेकिन सीढ़ियों की चौड़ाई 5 फीट है।

नईदुनिया लगातार उठा रहा है मुद्दा

नईदुनिया फुटओवर ब्रिज और इनके सीढ़ियों की चौड़ाई कम होने का मुद्दा उठाता रहा है। क्योंकि 2017 में महाराष्ट्र के एलीफेंटन रेलवे स्टेशन के फुटओवर ब्रिज पर भगदड़ मची थी। इससें 22 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी।

मैं कहीं और किसी काम में था, दो ट्रेनों के आने से ऐसी स्थिति पैदा हो जाती है। इसके चौड़ा करने का प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। इस दौरान सुरक्षाकर्मी नहीं पहुंचा, उसकी जांच कराई जाएगी। -वीबीटी राव, रेलवे स्टेशन डॉयरेक्टर, रायपुर