बिलासपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

राबर्टसन रेलवे स्टेशन में बुधवार से तीसरी लाइन परियोजना के अंतर्गत नॉन इंटरलाकिंग का कार्य चल रहा है। इसके चलते 68737/68738 रायगढ़-बिलासपुर मेमू रद रही। 18 व 19 अप्रैल को भी यह ट्रेन नहीं चलेगी। इससे यात्रियों को असुविधा हुई।

रायगढ़ मेमू के अलावा 58117/58118 झारसुगुड़ा-गोंदिया पैसेंजर झारसुगुड़ा से बिलासपुर के बीच रद रही। इसके चलते झारसुगुड़ा से बिलासपुर के लिए सफर करने वाले यात्रियों को परेशानी हुई। मालूम हो कि हावड़ा-मुंबई मेन लाइन के किसी भी सेक्शन में मरम्मत के लिए ब्लाक लेने पर सबसे पहले झारसुगुड़ा- गोंदिया पैसेंजर को रद या आधे बीच में समाप्त किया जाती है। यह स्थिति बीते तीन वर्षों से है। यात्री अब इस ट्रेन के परिचालन को लेकर इतने परेशान रहते हैं कि पूछताछ काउंटर में इस ट्रेन के आगमन या प्रस्थान की जानकारी के बजाय यह पूछते हैं कि ट्रेन चलेगी या रद रहेगी। मेमू, लोकल या पैसेंजर इन ट्रेनों के प्रभावित होने से यात्री सबसे ज्यादा हलाकान होते हैं। क्योंकि छोटे स्टेशनों तक पहुंचने के लिए यही ट्रेनें सुविधाजनक होती है। एक्सप्रेस ट्रेनों का वहां स्टापेज नहीं रहता। आगामी दो दिनों तक इसी तरह परेशानियों का सामना यात्रियों को करना पड़ेगा।

10 बजे की दूरंतो ढाई बजे और ढाई बजे की दरंभगा रात को पहुंची

ट्रेनों की लेटलतीफी से भी जोनल स्टेशन में यात्री परेशान नजर आए। सुबह 10 बजे पहुंचने वाली दूरंतो एक्सप्रेस दोपहर ढाई बजे पहुंची। इसी तरह दरभंगा एक्सप्रेस ढाई बजे पहुंचती है। लेकिन बुधवार को वह रात 8.30 बजे बिलासपुर पहुंची। लेटलतीफी की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी।