रायपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

प्रधानमंत्री ने जिस कलाकार का जिक्र मन की बात में किया गया हो, उसकी कलाकरी कितनी अच्छी होगी यह सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है। इस कलाकार की कलाकृति की चर्चा न केवल प्रदेश बल्कि पूरे देश में है। ये हैं बिजय बिस्वाल। शनिवार को छपाक कैम्पस शंकर नगर रायपुर में वाटर कलर वर्कशाप का अयोजन किया गया, जिसमें देश के प्रसिद्ध चित्रकार बिजय बिस्वाल ने वाटर कलर पेंटिंग कर उसकी बारीकियां समझाई। उन्होंने वाटर कलर से एक रेलवे स्टेशन का चित्र बना कर वाटर कलर का काम्बिनेशन बताया। कितनी मात्रा में कलर पानी मिलाया जाए इसकी जानकारी दी।

वाटर पेंटिंग बनाते समय बरतें सावधानी

बिजय ने बताया कि वाटर पेंटिंग बनाते समय बहुत-सी सावधानी बरतनी पड़ती है। किसी कारणवश पेंटिंग खराब हो जाए तो किसी दूसरी चीज का चित्र बना दें। इससे आपकी पेंटिंग वेस्ट नहीं होगी। उन्होंने बताया कि 10 प्रतिशत पेंट और 90 प्रतिशत पानी को मिलाकर पेंट बनाएं फिर पेंटिंग करें।

किसी भी काम को तब तक करें जब तक वह पूरा न हो जाए

वाटर कलर वर्कशॉप में बिजय बिस्वाल ने अपने अनुभव साझा करते हुए तबाया कि मैं अपनी कला को जीता हूं। सभी को अपनी कला को जीना चाहिए। कोई भी काम को तब तक करना चाहिए जब तक वह पूरा नहीं हो जाता। कोई भी काम असंभव नहीं है। अगर इंसान चाह ले तो वह पूरा हो जाता है, बस जरूरी है मन में ठानने की। इस अवसर पर कलाकर दामिनी सेन (दिव्यांग कलाकर) व बिजय बरठे मौजूद थे। उन्होंने जीवन के संघर्ष व कला के प्रति लगाव से अवगत कराया।