पᆬोटो 14 जेएसपी 18 : अधिकारी को ज्ञापन सौंपते संघ के सदस्य।

पत्थलगांव नईदुनिया न्यूज। सहकारी समितियों के कर्मचारी 2 जुलाई से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाएंगे। प्रदेश महासंघ के निर्देशानुसार जिला जशपुर सहकारी समिति कर्मचारी संघ ने आंदोलन में जाने का निर्णय लिया है। गुरूवार को जिलाध्यक्ष गोविंद राम यादव तथा कोषाध्यक्ष जगदीश प्रसाद यादव ने मुख्यमंत्री,सहकारिता मंत्री तथा पंजीयक सहकारी संस्थाएं के नाम सहायक पंजीयक को इस आशय का ज्ञापन सौंपा है।

शिक्षाकर्मियों की मांगें पूरी होने के बाद अब सहकारी समितियों के कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन की राह पर हैं। प्रदेश भर की सहकारी समितियों के 15हजार कर्मचारी 2 जुलाई से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाएंगे। जिला सहकारी कर्मचारी संघ के अध्यक्ष गोविंद राम यादव तथा कोषाध्यक्ष जगदीश प्रसाद यादव ने बताया कि प्रदेश भर की सहकारी समितियों द्वारा छग शासन की समर्थन मूल्य धान खरीदी,मुख्यमंत्री खाद्यान्न योजना, 0 प्रतिशत पर अल्पकालीन ऋण,बचत बैंक,गैस एजेंसी जैसे कार्यों को नाम मात्र कमीशन में संचालित किया जा रहा है। परंतु सरकार द्वारा उनके कल्याण के लिए कोई पहल नहीं की गई है। सहकारी समितियों के कर्मचारी करीब 30 से 40 वर्षों से छग शाासन के कार्यों का सफलतापूर्वक निर्वहन कर रहे हैं सहकारी समितियों के कर्मचारियों के परिश्रम की बदौलत ही छग शासन को ई अवार्ड भी प्राप्त हुआ है। परंतु शासन की किसी भी योजना का उन्हें लाभ नहीं मिल पाता है। आज भी सहकारी समितियों के कर्मचारियों को कलेक्टर दर पर कुशल श्रमिकों से भी कम वेतन दिया जा रहा है। इससे इन कर्मचारियों के साथ ही इन पर आश्रित हजारों परिजनों का भविष्य भी अंधकारमय हो गया है। उन्होंने बताया कि छग राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाने,समान काम समान वेतन तथा सातवां वेतनमान दिलाए जाने समेत अपनी अन्य मांगों को लेकर राज्य सरकार से लंबे अर्से से मांग करते आ रहे हैं। इसे लेकर 22 मई को छग सहकारी समिति कर्मचारी संघ की ओर से मांगपत्र भी सौंपा गया था परंतु शासन प्रशासन द्वारा इस पर अब तक कोई निर्णय नहीं लिया गया है। इसे देखते हुए प्रांतीय कार्यकारिणी द्वारा आंदोलन का निर्णय लिया गया है। इसके अनुक्रम में जिले की सहकारी समितियों के कर्मचारीगण भी आंदोलन में शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि प्रदेशव्यापी आंदोलन के प्रथम चरण में 18 जून को रायपुर में प्रांतीय रैली निकाली जाएगी और ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगों के संबंध में शासन का ध्यानाकर्षण कराया जाएगा। मांगें पूरी नहीं होने की दशा में 2 जुलाई से अनिश्चितकालीन हड़ताल प्रारंभ होगी। प्रदेश की सभी 1333 सहकारी समितियों मे ंकार्यरत लगभग 15हजार कर्मचारी शामिल होंगे। इससे सार्वजनिक वितरण प्रणाली एवं खरीफ ऋण वितरण के साथ ही किसानों को खाद,दवाई एवं बीज वितरण का कार्य प्रभावित होगा।

-----