शासकीय योजनाओं का लाभ लेने के लिए भटक रहे दिव्यांग

रायगढ़।

जिले में शासन द्वारा दिव्यांगजनो को लेकर कई तरह योजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है परंतु इन योजनाओं का सही तरीके से मनिटरिंग नही होने से इनका लाभ लोगो को नही मिल पा रहा है। जिले में लगभग 21 हजार दिव्यांग है। जो इन योजनाओं का लाभ पाने के लिए भटक रहे है। शासन द्वारा कौशल प्रशिक्षण योजना ने जहां दम तोड़ दिया वही केन्द्र सरकार द्वारा जीवन यापन के लिए मुद्रा लोन भी लाई है जिसका लाभ भी गिने चुने लोगो को मिल पाई है इस योजना का लाभ जिन लोगो को मिला है वह लोन चुकाने में पीछे है।

जिला कलेक्टर द्वारा जिले वासियों की समस्याओं का निदान करने के लिए जनदर्शन चलाया जा रहा है जिसमें हर बार कोई न कोई दिव्यांग फरियादी दिव्यांग योजना का लाभ दिलाये जाने का मार्मिक गुहार लगा रहे है। विदित है कि बीते सप्ताह जेल पारा दिव्यांग अशोक जांगड़े ने जीवन यापन के लिए दुकान आवंटन किये जाने की मांग को लेकर गुहार लगाया है। आलम यह है कि इन सभी योजनाओं का लाभ दिलाये जाने के लिए गुहार एवं शासकीय दफ्तरों का चक्कर काट रहे है।

नही मिला रहा शासन की योजनाओं का लाभ

जिले में 21 हजार से अधिक विकलांग रजिस्टर्ड है। जुन्हे आजीविका उपार्जन के लिए शासन ने कई तरह की योजनाओं का क्रियान्वयन किया है। परंतु इन योजनाओं की व्यापक प्रचार प्रसार नही होने से इसका लाभ दिव्यांग लोगो को नही मिल पा रहा है। आलम यह है कि लोग योजनाओं लाभ लेने के लिए भटक रहे हैं इसका जीता जागता उदाहरण कलेक्टर जनदर्शन है जिसमें जर जन दर्शन में कोई न कोई द्वियांग योजना का लाभ दिलाये जाने की गुहार लगा रहा है।

मुद्रा लोन, कौशल प्रशिक्षण बना दिखावा

केन्द्र सरकार एवं राज्य सरकार दिव्यांगजनो के लिए कई तरह की योजना चला रही है। जिसमें आत्मनिर्भर बनाने के लिए व्यवसाय करने के लिए मुद्रा लोन, कौशल प्रशिक्षण शामिल है। इन योजनाओं बकाया क्रियान्वित करने में सम्बन्धित विभाग काफी पीछे है। जिस कारण यह योजना का कागजों में ही सिमट कर रहने से यह योजना दिखावा बन कर रह गया है।

एक नजर दिव्यांग आकड़ो पर

बरमेकला 2094

धरमजयगढ़ 3276

घरघोड़ा 877

खरसिया 2961

लैलूंगा 1384

पुसौर 3651

रायगढ़ 1636

सारंगढ 3151

तमनार 2127