नई दिल्ली। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सस्ते मकान उपलब्ध कराने के नाम पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और एक सरकारी विभाग की तस्वीरों का इस्तेमाल करने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। इस शख्स ने अपने संगठन को आगे बढ़ाने के लिए यह काम किया। पुलिस के मुताबिक उसे 2000 से अधिक लोगों को ठगकर तीन करोड़ रुपए से अधिक की धोखाधड़ी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।

पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान फरीदाबाद निवासी 57 साल के राजिंदर कुमार त्रिपाठी के रूप में हुई है। त्रिपाठी ने चार अन्य विज्ञापन कंपनियों को भी प्रधानमंत्री आवास योजना के प्रचार के लिए राष्ट्रीय आवास योजना के लिए टेंडर आमंत्रित करने के बहाने एक करोड़ रुपये का चूना लगाया।

अधिकारियों के अनुसार, उन्हें आवास और शहरी गरीबी उपशमन मंत्रालय से शिकायत मिली जहां उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय आवास विकास संगठन (NHDO) के अध्यक्ष अनाधिकृत रूप से सरकारी विभाग की आधिकारिक तस्वीरों को अपने संगठन को आगे बढ़ाने के लिए वेबसाइट पर प्रकाशित कर रहे थे।

पुलिस ने कहा कि आरोपी ने अपने संगठन को बढ़ावा देने के लिए आवास और शहरी गरीबी उपशमन मंत्रालय के प्रधानमंत्री और लोगो की तस्वीर का इस्तेमाल किया और NHDO मंत्रालय के तहत एक सरकारी संगठन के रूप दिखाकर लोगों को ठगा।

अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (अपराध) एके सिंगला,ने कहा शिकायतकर्ता ने आगे आरोप लगाया कि मंत्रालय को 9 फरवरी, 2017 को एक जाली पत्र के साथ एक शिकायत मिली थी, जिसे कथित रूप से NHDO के अध्यक्ष द्वारा लिखा गया था, जिसमें NHDO को आवास और शहरी गरीबी उपशमन मंत्रालय के तहत गठित विशेष प्रयोजन वाहन (SPV) के रूप में पेश किया गया था।

इसके साथ ही, एक अन्य शिकायत गोल्डमाइन एडवरटाइजिंग लि. से मिली जिसमें एनएचडीओ के अध्यक्ष द्वारा पैसों की धोखाधड़ी के संबंध में थी। तीन अन्य कंपनियां भी इसी तरह के आरोपों के साथ शिकायतें सामने आईं थी।