नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने भाजपा के NAMO TV को कुछ शर्तों के साथ प्रसारण की अनुमति दे दी है, लेकिन चुनाव आयोग ने यह चेतावनी भी दी है कि शर्तों का उल्लंघन करने पर उसका प्रसारण रोका जा सकता है।

गौरतलब है कि चुनाव आयोग ने पिछले दिनों नमो टीवी के प्रसारण को लेकर नोटिस जारी किया था और इस मामले में नमो टीवी से जवाब मांगा गया था। चार दिन पहले इसके प्रसारण पर रोक भी लगा दी गई थी। अब आयोग ने कहा है कि चैनल पर केवल लाइव कवरेज प्रसारित किया जा सकता है।

आयोग ने चैनल द्वारा रिकॉर्डेड कंटेंट प्रसारित करने पर कड़ी शर्त लगाई है। चुनाव आयोग ने कहा है कि चैनल कोई भी प्री-रिकॉर्डेड प्रोग्राम मतदान के 48 घंटे पहले से मतदान समाप्त होने तक नहीं दिखा सकता है। आयोग ने नमो चैनल के प्रसारण पर नजर रखने के लिए राज्य के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC)को निर्देश दिए हैं।

चार दिन पहले दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी ने भाजपा को निर्देशित किया गया था कि वह बिना प्रमाण पत्र के नमो टीवी पर किसी तरह का कोई भी प्रसारण नही कर सकते हैं। इसके एक दिन पहले ही चुनाव आयोग ने नमो टीवी पर दिखाने जाने वाले सभी रिकॉर्डेड कार्यक्रमों को बिना प्रमाणन दिखाए जाने पर रोक लगा दी थी। इसके अगले दिन ही दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी ने बिना उनकी मंजूरी के भाजपा को इस चैनल पर कोई कार्यक्रम नहीं प्रसारित नहीं करने का निर्देश दिया था।

मालूम हो कि कांग्रेस ने नमो टीवी पर हो रहे प्रसारण को लेकर चुनाव आयोग में शिकायत की थी। इस पर संज्ञान लेते हुए चुनाव आयोग ने दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी (सीईओ) को इस बारे में रिपोर्ट देने को कहा था। इससे पहले भाजपा ने कहा था कि यह नमो ऐप का हिस्सा है, लेकिन यह सामग्री को प्रमाणित नहीं करता। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पुराने भाषण शामिल हैं।