मल्टीमीडिया डेस्क। लोकसभा चुनाव 2019 के लिए मतगणना जारी है और लगभग तय हो चुका है कि देश में एक बार फिर नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनने जा रही है। इस चुनाव में कई प्रत्याशी ऐसे रहे, जिन्होंने अंतिम समय पर एंट्री ली और मैदान में उतरे। इनमें हंसराज हंस, सनी देओल, उर्मिला मातोंडकर, गौतम गंभीर, रवि किशन, जया प्रदा, पूनम सिन्हा और शत्रुघ्न सिन्हा शामिल हैं। जानिए इनका चुनाव परिणाम क्या रहा -

शत्रुघ्न सिन्हा: 2014 में पटना साहिब लोकसभा सीट से चुनाव जीतने वाले शत्रुघ्न सिन्हा लंबे समय से पार्टी आलाकमान से नाराज चल रहे थे। पूरे पांच साल अपनी ही पार्टी को कोसने के बाद आखिरी 2019 के चुनाव आते-आते उन्होंने बागी तेवर अपना लिए और कांग्रेस का दामन थाम लिया। कांग्रेस उन्हें पटना साहिब से ही टिकट दिया, लेकिन वे चुनाव हारते नजर आ रहे हैं। शत्रुघ्न सिन्हा का मुकाबला मोदी सरकार में कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद से हुआ था। फिलहाल शत्रु 1,88,114 वोट से पीछे चल रहे हैं।

सनी देओल: बॉलीवुड स्टार सनी देओल चुनाव से ऐन पहले भाजपा में शामिल हुए थे और पार्टी ने उन्हें गुरदासपुर सीट से टिकट दिया था। यूं तो यह सीट भाजपा की परंपारगत सीट थी, लेकिन पूर्व सांसद विनोद खन्ना के निधन के बाद हुए उपचुनाव में पार्टी को हार का मुंह देखना पड़ा था। बहरहाल, इस बार सनी देओल का मुकाबला कांग्रेस के मौदूजा सांसद सुनील जाखड़ से हुआ था। सनी 77,107 वोट से आगे चल रहे हैं।

रवि किशन: भोजपुरी सुपरस्टार रवि किशन ने भाजपा का दामन थामा और राजनीतिक में किस्मत आजमाई। पार्टी ने उन्हें चुनौतीपूर्ण सीट गोरखपुर से टिकट दिया। यूं तो सीट भाजपा का गढ़ रही है, लेकिन योगी आदित्यनाथ से सीएम बनने के बाद हुए उपचुनाव में पार्टी को महागठबंधन के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। बहरहाल, लगता है भाजपा ने इस बार अपना पूरा गणित सेट करने के बाद रवि किशन को मैदान में उतारा था। रवि किशन 3,00,503 वोटों से आगे चल रहे हैं और उनकी जीत पक्की मानी जा रही है।

हंसराज हंस: पंजाबी गायक हंरराज हंस चुनाव से पहले ही भाजपा में शामिल हुए थे। पार्टी ने उन्हें नॉर्थ वेस्ट दिल्ली से टिकट दिया था। उनका मुकाबला आम आदमी पार्टी के गुग्गन सिंह से हुआ। हंसराज हंस 5,04,427 लाख वोट से आगे चल ल रहे हैं।

उर्मिला मातोंडकर: फिल्म अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर ने चुनाव से पहले कांग्रेस का दामन थामा था। पार्टी ने उन्हें मुंबई नॉर्थ से टिकट दिया था। उनके खिलाफ भाजपा के गोपाल शेड्डी चुनाव में मैदान में थे। उर्मिला 4,49,261 सीट से पीछे चल रही हैं।

गौतम गंभीर: पूर्व क्रिकेटर गौतम गंभीर ने चुनाव से पहले राजनीति की पिच पर कदम रखा था। वे भाजपा में शामिल हुए थे और पूर्वी दिल्ली से टिकट मिला था। गौतम का यह फैसला सही साबित होता दिख रहा है। वे कांग्रेस के अरविंदर सिंह लवली से 3,34,891 वोट से आगे चल रहे हैं। यहां आम आदमी पार्टी की प्रत्याशी आतिशी तीसरे नंबर पर है।

जया प्रदा: यूं तो जया प्रदा सालों सपा में रहीं, लेकिन कुछ समय पहले उन्होंने पार्टी छोड़ दी थी। अब चुनाव से पहले भाजपा का दामन थाम लिया और उसी रामपुर से टिकट मिला, जहां से वो सपा के टिकट पर सांसद रही। यहां उनका मुकाबला सपा के कद्दावर नेता आजम खान से हुआ। बहरहाल, इस बार जनता जया का साथ देती नहीं दिख रही है और वे 1,34,194 वोट से पीछे चल रही हैं।

पूनम सिन्हा: यूं तो शत्रुघ्न सिन्हा की पत्नी पूनम का राजनीति से दूर तक नाता नहीं, लेकिन 2019 के चुनाव से पहले वे समाजवादी पार्टी में शामिल हो गई हैं और पार्टी ने उन्हें तत्काल टिकट भी दे दिया। पूनम को लखनऊ से चुनाव मैदान में उतारा गया, जहां उनका मुकाबला भाजपा के दिग्गज नेता राजनाथ सिंह से हुआ। पूनम 3,24,513 वोट से पीछे चल रही हैं।