अहमदाबाद। गुजरात विधानसभा चुनाव के प्रथम चरण में एक दर्जन से अधिक सीटें ऐसी हैं, जिन पर सबकी नजरें टिकी हैं। मुख्यमंत्री विजय रुपाणी की राजकोट सीट, भाजपा अध्यक्ष की भावनगर, कांग्रेसी दिग्गज अर्जुन मोढवाडिया की पोरबंदर, कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता शक्तिसिंह गोहिल की मांडवी के अलावा जामनगर, गोंडल, सूरत की सीटों पर भी ऐसे उम्मीदवार मैदान में हैं, जिनके कारण मुकाबला काफी रोचक बन गया है।

राजकोट पश्चिम से सीएम रुपाणी मैदान में है उनके खिलाफ इंद्रनील राज्यगुरु मैदान में है। राज्यगुरु की संपत्ति 145 करोड़ है तथा इस विधानसभा क्षेत्र में पाटीदार, ब्राह्मण और मुस्लिम मतदाताओं की संख्या अच्छी खासी होने से कांग्रेस काफी जोश में है। राज्यगुरु इस चुनाव में सबसे अधिक धनवान प्रत्याशी हैं।

पोरबंदर से रुपाणी कैबिनेट के सदस्य बाबू बोखीरिया चुनाव लड़ रहे हैं उनके खिलाफ कांग्रेस के दिग्गज अर्जुन मोढवाडिया हैं, जो पिछला चुनाव बोखीरिया से हार गए थे। 50 करोड़ की लाइम स्टोन चोरी मामले में बोखीरिया को तीन साल की सजा सुनाई गई थी, जिस पर उच्च न्यायालय की रोक है।

भावनगर वेस्ट से भाजपा अध्यक्ष जीतू वाघाणी चुनाव लड़ रहे हैं, शुरुआत में उनके खिलाफ करडिया राजपूतों के विरोध के चलते उनकी इस सीट पर दावेदारी को कठिन चुनौती माना जा रहा था। जामनगर की तीन सीटों पर राज्यसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए नेता मैदान में हैं।

कांग्रेस ने उनके खिलाफ दमदार उम्मीदवार उतारे हैं। दल-बदल करने से इनकी छवि पर भी असर पड़ा है। जामनगर दक्षिण से भाजपा के पूर्व अध्यक्ष आर सी फलदू मैदान में हैं। पूर्व मुख्यमंत्री आनंदीबेन पटेल की करीबी वसुबेन त्रिवेदी का यहां टिकट काटकर फलदू को मैदान में उतारा गया है।

मांडवी से कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता व दिग्गज वकील शक्तिसिंह गोहिल चुनाव लड़ रहे हैं। गत उपचुनाव में अबडासा से विधायक चुने गए, लेकिन इस बार उन्होंने सीट बदल ली। धोराजी से पाटीदार नेता हार्दिक पटेल के साथी ललित वसोया कांग्रेस प्रत्याशी हैं।

यह सीट भाजपा सांसद व दबंग नेता विटठल रादडिया के दबदबे वाली है, इसमें वसोया की जीत राजकोट की राजनीति में समीकरण बदल सकती है। कुतियाणा सीट पर गॉड मदर संतोकबेन जाडेजा का विधायक बेटा कांधल मैदान में है, जबकि गोंडल से भाजपा विधायक जयराजसिंह जाडेजा की पत्नी गीता बा चुनाव लड़ रही हैं।

जयराज पर हत्या का आरोप है और उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है जिस पर उच्चतम न्यायालय ने रोक के साथ जाडेजा को गुजरात आने की मोहलत दे दी है। सूरत की कई सीटों की हॉट चर्चा है।

लिंबायत से चुनाव लड़ रही विधायक संगीता पाटिल ने घोडे पर सवार होकर झांसी की रानी के वेश में जाकर नामांकन पत्र भारा था, अब वे उर्दू पत्र को लेकर चर्चा में हैं। मजूरा से सबसे युवा विधायक हर्ष संघवी फिर मैदान में हैं, जबकि वराछा में नामांकन के दौरान सबसे बड़ी रैली निकालकर कुमार कानाणी चर्चा में आ गए हैं।

क्यूं चर्चा में इंद्रनील

सीएम के खिलाफ चुनाव लड़ रहे इंद्रनील राज्यगुर के गत चुनाव में 122 करोड़ की प्रॉपर्टी थी और वह भाजपा नेता बलवंत सिंह राजपूत (सवा दो सौ करोड़) के बाद दूसरे सबसे अमीर विधायक हैं। उनके पास तो साढ़े पांच करोड़ से अधिक कीमत के 13 वाहन हैं, जिनमें कई महंगी लग्जरी कारें हैं। इनमें लेम्बोर्गिनी जैसी महंगी कार भी शामिल है।

26 जून 1966 को जन्मे इंद्रनील राज्यगुरु 12वीं तक पढ़े हैं। होटल व्यवसायी इंद्रनील महंगी कारों का शौक रखते हैं। पोस्टर लगाने को लेकर गत दिनों भाजपा कार्यकर्ताअों ने इंद्रनील की छोटे भाई दीपू पर हमला कर दिया, जिसके बाद इंद्रनील ने सीएम के राजकोट में स्थित निजी बंगले को घेरकर हंगामा मचा दिया था।