ग्वालियर। नईदुनिया प्रतिनिधि

हाईकोर्ट व जिला कोर्ट में शनिवार को नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया। इस दौरान आपसी समझौते के तहत हाईकोर्ट में 349 व जिला कोर्ट में 3337 केसों का निराकरण किया गया। बीमा कंपनियों के केसों में अतिरिक्त क्षतिपूर्ति दिलाई गई। मृतक भूपेन्द्र के परिजनों को हाईकोर्ट ने 3 लाख 75 हजार रुपए की अतिरिक्त क्षतिपूर्ति दिलाई। भूपेन्द्र सड़क किनारे खड़ा था, एक कार ने उसे टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और अस्पताल में उसकी मौत हो गई। बीमा कंपनी ने जो क्षतिपूर्ति राशि अदा की, उससे परिजन संतुष्ट नहीं थे और हाईकोर्ट में याचिका दायर की। हाईकोर्ट ने भूपेन्द्र के परिजनों को 3 लाख 75 हजार रुपए अतिरिक्त दिलाए।

हाईकोर्ट में शनिवार सुबह लोक अदालत का शुभारंभ प्रशासनिक न्यायमूर्ति संजय यादव ने किया। न्यायमूर्ति व वरिष्ठ अधिवक्ताओं की संयुक्त पीठ बनाई गई। 349 केसों का निराकरण किया गया और 2 करोड़ 11 लाख की अतिरिक्त क्षतिपूर्ति पक्षकारों को दिलाई गई। अवमानना याचिका, क्रिमिनल रिवीजनों का भी निराकरण किया गया। वहीं जिला कोर्ट में लंबित व कोर्ट के बाहर लंबित केसों को सुनवाई के लिए रखा गया। जिला कोर्ट ने 7 करोड़ 79 लाख 58 हजार की अतिरिक्त क्षतिपूर्ति दिलाने का अवार्ड जारी किया।

14 हजार केसों को रखा गया था निराकरण के लिए

जिला कोर्ट में न्यायालय में लंबित 4092 व प्रीलिटिगेशन में 10194 केस सुनवाई में रखे गए।

- न्यायालय में लंबित 4092 केसों में से 1391 केसों का निराकरण किया गया।

- प्रीलिटीगेशन के 10194 केसों में से 1946 केसों का निराकरण किया गया।

- बैंक, बीमा, बिजली कंपनी, वैवाहिक, क्रिमिनल केस, श्रम विभाग के केसों को सुनवाई में रखा गया।

- बिजली कंपनी व नगर निगम ने बिलों में पक्षकारों को छूट दी। बिजली कंपनी ने चोरी केसों में छूट देकर मामले में समझौता किया।