भोपाल। प्रदेश के सबसे बड़े अस्पताल हमीदिया की इमरजेंसी के बाहर रात भर पड़े रहे बुजुर्ग मरीज की ठंड से मौत हो गई। बुजुर्ग अर्धबेहोशी की हालत में इमरजेंसी के बाहर पड़ा रहा। इस दौरान इमरजेंसी ड्यूटी वाले डॉक्टर, नर्स, वार्डब्वाय व अन्य कर्मचारी वहां से गुजरे पर किसी ने उस पर ध्यान नहीं दिया। सुबह उसकी मौत हो गई। मौत का कारण ठंड बताया जा रहा है, क्योंकि मृतक का शव ठंड से सुबह तक अकड़ गया था।

शहर में ठंड से मौत का यह दूसरा मामला है। इससे पहले भोपाल रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म पर एक व्यक्ति की ठंड से मौत हो चुकी है। हमीदिया परिसर में मौजूद दूसरे मरीजों के परिजन ने बताया कि बुजुर्ग मंगलवार शाम को भी इमरजेंसी के बाहर बैठा दिखाई दिया था। अगले दिन वहीं पर वह मृत स्थिति में मिला। गौरतलब है कि हमीदिया की इमरजेेंसी के बाहर पूरे समय हलचल रहती है। डॉक्टर, नर्स व वार्डब्वाय से लेकर अस्पताल के सभी कर्मचारी यहां से गुजरते हैं। इसके बाद भी किसी ने मानवीय दृष्टि से जानने की कोशिश नहीं कि बुजुर्ग यहां क्यों बैठा है।

इनका कहना है

एंबुलेंस लावारिश मरीजों को अस्पताल में छोड़कर चली जाती हैं। हमारे सोशल वर्कर्स ने बुजुर्ग मरीज को रात में ही देख लिया था। इलाज के लिए हमारे कर्मचारी उसे अस्पताल लेकर गए थे, पर वह मृत था। सुबह शव को मॉर्चुरी में रखवा दिया गया है- डॉ. एके श्रीवास्तव अधीक्षक, हमीदिया अस्पताल