भोपाल। रेल मंत्री सुरेश प्रभु के बजट भाषण मध्‍यप्रदेश को कुछ खास हासिल नहीं हुआ। बजट में कोई नई ट्रेन नहीं चलाई गई, जिससे मध्‍यप्रदेश को देश के दूसरे हिस्‍सों से जोड़ने वाली नई ट्रेन मिलने की उम्‍मीद ध्‍वस्‍त हो गई।

स्‍थानीय व्‍यंजनों को परोसेगा रेलवे

रेल मंत्री ने ट्रेनों में स्‍थानीय व्‍यंजनों को परोसने की घोषणा की है। इससे मध्‍यप्रदेश से गुजरने वाली ट्रेनों के यात्रियों को प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में मिलने वाले व्‍यंजनों का स्‍वाद लेने का मौका मिलेगा।

महिला कोच में लगाए जाएंगे सीसीटीवी कैमरे

ट्रेन के महिला कोचों में सुरक्षा के लिहाज से सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके साथ ही महिला यात्रियों की निजता का भी ध्‍यान रखा जाएगा।

यह थी मांगे : ग्वालियर-झांसी मंडल

ग्वालियर में बेंगलुरू राजधानी एक्सप्रेस, मदुरई संपर्क क्रांति का स्टापेज, उदयपुरा-आगरा इंटरसिटी को ग्वालियर तक लाने, एलटीटी-बरेली के फेरे बढ़ाने और ग्वालियर-भोपाल इंटरसिटी की मांग उठाई गई थी।

रतलाम मंडल

इंदौर स्टेशन को ए-1 ग्रेड की सुविधाएं, जो पिछले बजट में घोषित की गईं। लक्ष्मीबाईनगर रेलवे स्टेशन के लिए व्यवस्थित एप्रोच रोड, इंदौर से दक्षिण भारत की कनेक्टिविटी, इंदौर-पटना, पुणे, हावड़ा (शिप्रा एक्सप्रेस) को डेली करने, इंदौर-नागपुर ट्रेन को रायपुर तक बढ़ाने, इंदौर- इलाहाबाद के बीच सुपरफास्ट ट्रेन को मंजूर करने की मांग रखी गई थी।

इसके साथ ही मालवा के अन्य स्टेशनों में इंदौर-पुणे एक्सप्रेस का मेघनगर, दाहोद और चिंचवड़ स्टापेज, इंदौर-यशवंतपुर को श्री सत्य सांई धाम होते हुए यशवंतपुर ले जाने की मांग भी थी।

जबलपुर मंडल

जबलपुर स्टेशन को वर्ल्ड क्‍लास स्टेशन के रूप में विकसित करने के साथ ही मदनमहल स्टेशन से दिल्ली, मुंबई जाने वाली ट्रेनों का संचालन और प्रमुख गाड़ियों का स्टापेज शुरू करने की मांग हुई थी।

इसके अलावा पर्यटन की दृष्टि से भेड़ाघाट स्टेशन को विकसित करने और पश्चिम मध्य रेल मुख्यालय में रेलवे भर्ती बोर्ड का कार्यालय खोलने के लिए भी मांग। वहीं जबलपुर-पुणे, जबलपुर-इलाहाबाद इंटरसिटी, जबलपुर से हरिद्वार, जबलपुर से कोचूवेली, कन्याकुमारी, जबलपुर से पुरी, जबलपुर से मुजफ्फरपुर, देहरादून के लिए नई ट्रेनें शुरू करने की उम्‍मीद भी पूरी नहीं हो पाई।