मालवा-निमाड़। अंचल में बुधवार देर शाम आंधी और बारिश ने कहर बरपाया। खंडवा जिले में बिजली और दीवार गिरने से चार लोगों की मौत हो गई। कई स्थानों पर पेड़ और बिजली के खंभे धराशायी हो गए।

खंडवा जिले में आंधी के साथ अचानक बदले मौसम ने कहर ढाया।

ओंकारेश्वर में करीब एक घंटे तेज बारिश हुई। निकासी नहीं होने से पुराने बस स्टैंड पर पानी भर गया। ग्राम बिलाया में बिजली गिरने से श्याम पिता राजेश (10), पिंकू पिता राजेश (12) की मौत हो गई। जबकि पुरनी गांव में दीवार गिरने से मनीषा पिता सरदार (16), शुभम पिता राजाराम (25) की मौत हो गई।

चार घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती किया गया। इसके साथ ही खंडवा बस स्टैंड और बीड़ में बिजली का खंभा और पेड़ गिरने से चार बाइक सवार घायल हो गए। हरसूद रोड पर पेड़ गिरने से दो घंटे से यातायात प्रभावित हुआ है।

बुरहानपुर में धूलभरी आंधी के साथ करीब 20 मिनट तेज बारिश हुई। सारोला-दरियापुर मार्ग पर कई पेड़ व बिजली के खंभे गिर गए। इससे करीब आधा घंटा यातायात प्रभावित रहा। सारोला रोड पर बीच सड़क पर गिरे पेड़ को देर शाम को ग्रामीणों ने हटाया।

बारिश के साथ गिरे ओले, 35 मकानों के पतरे उड़े

देवास जिले की सतवास तहसील के ग्राम बिचकुआ में आंधी के साथ ओले गिरे। इस दौरान 35 से अधिक मकानों के पतरे उड़ गए और कई की दीवारें ढह गई। पतरे उड़ने और दीवार के नीचे दबने से 5 से अधिक लोग घायल हो गए, जिनका सतवास अस्पताल में इलाज किया गया।

5 हजार क्विंटल अनाज भीगा

आगर के सुसनेर में मंगलवार की शाम सुसनेर व आसपास के क्षेत्र में आंधी के साथ एक घंटे तक बारिश हुई। इससे परिवहन के अभाव में मंडी में खुले में रखा 5 हजार क्विंटल से भी अधिक अनाज भीग गया। कई स्थानों पर पेड़ भी गिरे।