इंदौर, नईदुनिया प्रतिनिधि। वाट्सएप पर लड़कियों के फोटो दिखाकर देह व्यापार चलाने वाले गिरोह को कनाड़िया पुलिस ने खुद ग्राहक बनकर रविवार रात दबोच लिया। गिरोह में चार आरोपी पकड़ाए हैं जिनमें तीन युवक और एक युवती शामिल है। रैकेट का पर्दाफाश एक ग्राहक के जरिये नाटकीय तरीके से हुआ जो गिरोह के चंगुल में आकर न केवल ठगी का शिकार हुआ, बल्कि आरोपियों के कहने पर रात में एक ऐसे फ्लैट की घंटी बजाने लगा जहां परिवार रहता था।

इस मामले में भोपाल निवासी दीपक यादव (19 वर्ष), ओमप्रकाश जीवी (19 वर्ष) और राहुल पिता जसवंतसिंह राणा (25 वर्ष) खुड़ैल और हीना पिता अनवर खान (24 वर्ष) को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इनके खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया जा रहा है। कनाड़िया टीआई एमएल चौहान के मुताबिक, राहुल और हीना गैंग के लीडर हैं और इनके कहने पर ही ये रैकेट चल रहा था। दरअसल, सुमीत नाम के इंजीनियरिंग छात्र को वाट्सएप पर किसी ने 4 लड़कियों के फोटो दिखाए।

सुमीत ने इसमें से एक लड़की को पसंद करके मिलने की इच्छा जाहिर की। इस पर दलालों ने सुमीत को तत्काल देवगुराड़िया रोड पर बुलाया और वहां बनी एक बिल्डिंग की ओर इशारा करके कहा कि फ्लैट नंबर-204 में चले जाना। घंटी बजाना तो अंदर लड़की मिलेगी। इससे पहले दलालों ने सुमीत से 4 हजार रुपए ले लिए। पैसे देने के बाद सुमीत बिल्डिंग के फ्लैट नंबर-204 के दरवाजे पर पहुंचकर बेल बजाने लगा तो पता चला अंदर परिवार रहता है। परिवार के लोगों ने सुमीत को पकड़कर कहा कि इतनी रात में किसलिए बेल बजा रहे हो?

बिल्डिंग के रहवासियों ने सुमीत को पकड़कर पिटाई की और कनाड़िया थाने लाए। यहां सुमीत ने पुलिस को पूरा किस्सा बताया। पुलिस ने दलालों को पकड़ने के लिए जाल बुना। पुलिस के कुछ सिपाहियों ने खुद ग्राहक बनकर वाट्सएप नंबर पर संपर्क किया और कहा कि हमको भी लड़की चाहिए। दलालों ने सिपाहियों को बताया कि होटल के पास आ जाओ, लड़की मिल जाएगी। ग्राहक बनी पुलिस जब वहां पहुंची तो दलाल मिले। जैसे ही दलालों ने पुलिस से पैसे लिए तो पुलिस ने उनको दबोच लिया। इसमें 3 युवक और 1 युवती शामिल है। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।