इंदौर। देवास जिले में खातेगांव के पास उमरिया गांव में बोरवेल में गिरे चार साल के बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। उधर इंदौर जिले के कैलोद करताल गांव में 12 साल पहले तीन साल का एक बच्चा बोरवेल में गिर गया था। जब चौदह घंटे बाद बाहर निकाला गया तो माता-पिता ने इसे नया जन्म माना। पुनर्जन्म की वही तारीख उसका जन्मदिन बन गई। वह बच्चा था दीपक हिरवे।

उसका जन्म तो 2 अक्टूबर को हुआ था, लेकिन परिवार वाले जन्मदिन 25 जनवरी को मनाते हैं। साल 2005 में इसी दिन दीपक को 21 फीट गहरे बोरवेल से बाहर निकाला गया था। दीपक अब 15 साल का हो चुका है। इतने साल बाद भी उस हादसे की छाप उसके दिलोदिमाग पर है। उमरिया गांव में 4 साल का रोशन जब बोरवेल में जिंदगी की जंग लड़ रहा था, तो दीपक उसके जिंदा बचने की प्रार्थना कर रहा था।