फोटो 13ए। बर्न वार्ड में खाली पड़ा नर्स का चेंबर।

मुरैना। जिला अस्पताल के बर्न वार्ड में शनिवार शाम को करीब सात बजे आग से जलकर एक बच्चा पहुंचा, लेकिन वार्ड में कोई नर्स नहीं थी। ऐसे में बच्चे को भर्ती नहीं किया जा सका। इसके बाद बच्चे के परिजनों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। इसके बाद भी जब कोई नहीं आया तो परिजन बच्चे को निजी अस्पताल ले गए। उल्लेखनीय है कि अस्पताल के कई वार्ड ऐसे हैं, जिनमें नर्सों की ड्यूटी तो लगाई जाती है, लेकिन नर्स ड्यूटी से गायब रहती हैं।

शनिवार शाम को करीब साढ़े छह बजे दत्तपुरा निवासी 12 वर्षीय मयंक पुत्र मुकेश पटाखे चला रहा था। तभी उसका पटाखे से हाथ जल गया। परिवार के लोग उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां डॉक्टरों ने उसे बर्न वार्ड में भर्ती करने के लिए भेजा, लेकिन बर्न वार्ड में जिस नर्स की ड्यूटी लगाई गई थी, वह चार बजे से गायब थी। ऐसे में काफी देर तक बच्चे के परिजनों ने नर्स को तलाश किया, लेकिन वह नहीं मिली। इसके बाद परिजनों ने वार्ड में हंगामा करना शुरू कर दिया। लेकिन बाद में जब नर्स नहीं आई तो परिजन बच्चे को लेकर निजी अस्पताल के लिए चले गए।

बर्नवार्ड से अक्सर गायब रहती हैं नर्स

जिला अस्पताल के बर्न वार्ड से अक्सर नर्स गायब रहती हैं। इसकी वजह यह है कि बर्न वार्ड में मरीज कम रहते हैं। इस बात का फायदा उठाकर नर्स गायब हो जाती हैं। अक्सर जब मरीज जलकर आते हैं तो नर्स गायब मिलते हैं। ऐसे में हंगामा होता है।