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    सास-ननद और पड़ोसन के ताने भी प्रताड़ना हैं, चुप्पी तोड़ें

    Published: Fri, 19 May 2017 07:09 PM (IST) | Updated: Sat, 20 May 2017 09:23 AM (IST)
    By: Editorial Team

    भोपाल। सास-ननद और पड़ोसन के ताने भी घरेलू हिंसा और प्रताड़ना ही है। ऐसी कोई प्रथा जिससे आपके सम्मान-गरिमा को ठेस पहुंचती है उसका विरोध करें। प्रसूति अवकाश अब 90 के बजाय 135 दिन का कर दिया गया है। असंगठित क्षेत्र की महिलाओं को ये टिप्स राष्ट्रीय महिला आयोग द्वारा आयोजित सेमिनार में दिए गए।

    राजधानी के हिंदी भवन में आयोजित कार्यक्रम में असंगठित क्षेत्र की कामकाजी महिलाओं के कौशल विकास पर विचार विमर्श किया गया। इस अवसर पर बाल अधिकार संरक्षण आयोग की पूर्व अध्यक्ष ऊषा चतुर्वेदी ने महिलाओं को हर दिन अपने हुनर को तराशने की सलाह दी। उन्होंने 10 अधिकार भी याद कराए जिसमें बताया कि केवल मारपीट ही घरेलु हिंसा नहीं बल्कि सास-ननद, परिजन अथवा पड़ोसन द्वारा आए दिन ताने मारना भी प्रताड़ना की श्रेणी में शामिल है।

    ऐसे मामलों में शिकायत दर्ज कराएं। सूर्यास्त के बाद गिरफ्तारी नहीं हो सकती, मेडिकल केवल महिला डॉक्टर ही कर सकती है। समान कार्य के लिए समान वेतन भी आपका अधिकार है। कार्यस्थल पर प्रताड़ना और सुविधाओं के बारे में भी उन्होंने समझाया।

    अधिकारों को जानें

    राज्य महिला आयोग की सदस्य प्रमिला वाजपेयी ने कहा कि यदि आपमें हौसला और कुछ करने का जज्बा हो तो कोई भी बाधा आपकी तरक्की का मार्ग नहीं रोक सकती। अपने अधिकारों को जानें, महिलाओं के अधिकार एवं उनकी सुरक्षा के लिए आयोग पूरी तरह समर्पित है।

    घर बैठे डिग्री...

    इस अवसर पर महिला सशक्तिकरण अधिकारी राम गोपाल यादव ने कौशल उन्नायन के टिप्स दिए। साथ ही बताया कि महिलाएं 12 वीं कक्षा के बाद घर बैठे स्नातक की डिग्री कर सकती है चित्रकूट विश्वविद्यालय और महिला सशक्तिकरण विभाग ने जिला स्तर पर यह सुविधा शुरू की है। जिला विधिक सहायता अधिकारी एवं एडवोकेट प्रशांत पाठक ने कुशल-अर्धकुशल श्रमिक की जानकारी दी।

    महिलाओं का सम्मान

    असंगठित क्षेत्र की महिलाओं के बीच उल्लेखनीय कार्य करने पर चार महिलाओं ऊषा शर्मा, प्रमिला मिश्रा, अनामिका चोपड़े और पंचकूला लूटे को सम्मानित किया गया। इस दौरान कुछ महिलाओं ने कुछ सवाल भी पूछे। कार्यक्रम में मंदाकिनी सांस्कृतिक एवं समाज कल्याण सेवा समिति अध्यक्ष दिनेश शर्मा ने भी संबोधित किया।

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