सतना। नईदुनिया प्रतिनिधि

पूरे जिलेभर में गर्मी तेज धूप व गर्मी की वजह से लोगों का जीना मुहाल हो गया है। अभी हाल ही में तीन दिन पूर्व हुई बारिश के बाद मौसम में जरूर कुछ ठंडा हो गया था, लेकिन शक्रवार को आसमान से बरसी आग से लोग झुलसते नजर आए। शुक्रवार को मौसम विभाग द्वारा अधिकतम तापमान 34.39 डिग्री तथा न्यूनतम तापमान 21.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुबह से ही तीखी धूप एवं बढ़ती तपिश का असर सड़कों पर सन्नाटे के रूप में दिखने लगा था। गर्मी के चलते आलम यह है कि लोग घरों से निकलने से परहेज करने लगे। वहीं इस भीषण तपिश में बिजली कटौती भी लोगों को जमकर परेशान कर रही है। स्थिति यह रहती है कि शेड्यूल के अलावा भी बिजली गुल रहती है। स्थिति यह रहती है कि आपूर्ति के समय भी पंखें बस हिलते रहते हैं। वहीं रात की अघोषित कटौती से आम जनमानस पूरी तरह से परेशान हो उठता है। लोगों का कहना है कि इस अघोषित कटौती को सुचारू रूप से बहाल रखा जाए।

गर्मी से जहां आम जनजीवन बेहाल है, वहीं पशु-पक्षियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस भीषण गर्मी के चलते जलस्तर भी तेजी से नीचे की ओर जा रहा है। धूप से बचने के लिए लोग पूरे शरीर को ढंककर घरों से बाहर निकल रहे हैं वहीं तमाम लोग सुबह-शाम ही निकल रहे हैं। यात्रियों को तमाम परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर दो पहिया वाहन चालकों तो और दिक्कतें हो रहीं हैं। लू के थपेड़ों ने और परेशानी बढ़ा दी है।

सार्वजनिक प्याऊ की दरकार

शहर में कुछ स्थानों में सामाजिक संगठनों द्वारा प्याऊ तो खोलवा दिये गए हैं। लेकिन उनकी देखरेख न होने से उन मटकों में पानी ही नहीं रहता, जिससे कि वे सूखे हुए रखे रहते हैं। अप्रैल माह में सूरज की तपिश थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। मुंह को गमछे व दुपट्टे से ढककर लोग गर्मी से बचाव करते हैं। भीषण तपिश में पीने के पानी के लिए राहगीर व मुसाफिर इधर उधर भटकते रहते हैं।

फिलहाल नहीं मिलेगी निजात

मौसम विभाग का कहना है कि अभी इस भीषण गर्मी से जल्द निजात नहीं मिलेगी। आने वाले समय में गर्मी और बढ़ेगी। खास तौर पर मई के महीने में आसमान से आग बरसने की उम्मीद है।