Naidunia
    Sunday, February 18, 2018
    PreviousNext

    मध्यप्रदेश हाई कोर्ट में फिर पहुंचा स्कूल फीस का मामला

    Published: Thu, 15 Feb 2018 09:05 PM (IST) | Updated: Fri, 16 Feb 2018 07:44 AM (IST)
    By: Editorial Team
    school fees 15 02 2018

    जबलपुर। मध्यप्रदेश हाई कोर्ट में नए सिरे से एक जनहित याचिका दायर करके स्कूल फीस वृद्वि का मामला उठाया गया है। जनहित याचिकाकर्ता नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के प्रांताध्यक्ष डॉ.पीजी नाजपांडे ने सवाल किया है कि 25 जनवरी को मध्यप्रदेश निजी विद्यालय फीस अधिनियम को राजपत्र में प्रकाशित कर समूचे प्रदेश में लागू किया गया है, लेकिन इस अधिनियम के नियम नहीं बनने के कारण कार्यान्वित करने को लेकर संशय बरकरार है। ऐसा इसलिए भी क्योंकि यह अधिनियम इस वर्ष के शैक्षणिक सत्र में लागू कर फीस वृद्धि 10 प्रतिशत से नीचे रखने के लिए प्रतिबंध संबंधी नोटिफिकेशन भी जारी नहीं किया गया है।

    19 फरवरी को सुनवाई संभावित

    डॉ.नाजपांडे की ओर से इस मामले में पैरवी कर रहे अधिवक्ता दिनेश उपाध्याय ने बताया कि जनहित याचिका की सुनवाई 19 फरवरी को संभावित है। इस दौरान हाई कोर्ट का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराया जाएगा कि राज्य के अधिकतर निजी स्कूलों में प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और स्कूल प्रबंधन मनमानी फीस वसूली का पुराना ढर्रा बदस्तूर जारी रखे हुए हैं। दरअसल, धारा-18 के तहत नोटिफिकेशन न होने के कारण स्कूल प्रबंधन लाभ उठाने में जुटे हुए हैं।

    मॉनीटरिंग मुमकिन नहीं होगी

    डॉ.नाजपांडे ने बताया कि धारा-14 के तहत अधिनियम के प्रयोजनों को कार्यान्वित करने के लिए राज्य शासन को नियम बनाने को कहा गया है, लेकिन राज्य शासन द्वारा अभी तक नियम नहीं बनाए गए हैं। जब तक नियम नहीं बनाए जाते तब तक यह अधिनियम प्रदेश में लागू करने के संबंध में आशंका बरकरार रहेगी। इससे निजी स्कूलों की बेतहाशा फीस वृद्धि को मॉनीटर करने का मूल उद्देश्य भी सफल नहीं होगा।

    प्रतिक्रिया दें
    English Hindi Characters remaining


    या निम्न जानकारी पूर्ण करें
    नाम*
    ईमेल*
    Word Verification:*
    Please answer this simple math question.
    +=

      जरूर पढ़ें