सुसनेर(शाजापुर)। मंगलवार की शाम सुसनेर व आसपास के क्षेत्र में शाम करीब 6 बजे तेज आंधी के साथ एक घंटे तक बारिश हुई। इससे परिवहन के अभाव में कृषि उपज मंडी में खुले में रखा 5 हजार क्विंटल से भी अधिक अनाज भीग गया। अनाज में चना, मसूर एवं गेहूं शामिल है। इतने बड़े पैमाने पर खुले में अनाज पड़ा था कि इसे चाह कर भी गीला होने से बचाया नहीं जा सका। आंधी व हवा से कई स्थानों पर पेड़ गिरने की भी सूचना है।

मंडी में खरीदा जा रहा समर्थन मूल्य एवं भांवांतर योजना का 5 हजार क्विंटल से भी अधिक का चना, मसूर व गेहू का अनाज बारिण की भेंट चढ़ गया। परिवहन के अभाव में यह अनाज खुले आसमान के नीचे रखा था, तो कुछ शेड के नीचे। बारिश आंधी के साथ आई जिससे शेड के नीचे रखा अनाज भी पूरी तरह से भीग गया, तो कुछ पानी के साथ बह गया।

मंगलवार को समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी का अंतिम दिन था। शासन के निर्देश हैं कि प्रतिदिन ख्ररीदा जाना वाला अनाज उसी दिन परिवहन कर गोडाउन में जमा होना चाहिए किन्तु अभी तक ऐसा हुआ ही नहीं। बारिश में खराब हुए इस अनाज के नुकसान की भरपाई कौन करेगा, इसे लेकर कोई जवाब नहीं दे रहा है।