भोपाल। एक किशोरी का अपहरण कर सामूहिक दुष्कर्म की घटना टीलाजमालपुरा में बीते दिनों सामने आई थी। घटना के दो माह बाद इस मामले में नए तथ्य सामने आया है। पीड़िता फिर सामने आई है और उसने आरोप लगाया कि उसके साथ एक दिव्यांग समेत 6 लोगों ने दुष्कर्म किया था।

इस मामले में शुरूआत से टीलाजमालपुरा पुलिस भूमिका लीपापोती वाली रही है। नए तथ्य के सामने आने के बाद डीआईजी ने केस डायरी तलब कर ली है। गौरतलब है कि 15 वर्षीय किशोरी टीलाजमालपुरा में रहती थी। 15 दिसंबर 2018 को उसका अपहरण कर लिया गया था। परिजनों की शिकायत पर 17 दिसंबर को टीलाजमालपुरा थाने में गुमशुदगी दर्ज की गई।

पुलिस ने बोला था झूठ, 6 लोग थे शामिल

15 वर्षीय पीड़िता 19 जनवरी की देर शाम पुलिस थाने पहुंची थीं। जहां पुलिस ने बयान के बाद अपने सीनियर अफसरों को भी गुमराह किया। थाने के अधिकारियों ने अपने वरिष्ठों को बताया कि 2 लोगों के दुष्कर्म की इस घटना में शामिल हैं। पीड़िता का कहना है कि उसके साथ 6 लोगों ने वारदात की थी। उसके बाद उसके अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल कर जबलपुर में लोगों के सामने पेश किया गया। भोपाल में उसको बंधक बनाकर रखा गया था।

भोपाल के कई होटलों में ले जाकर देह व्यापार कराया गया। पुलिस ने दबिश भी दी, लेकिन मामले में मिलीभगत के कारण सब रफा दफा कर दिया। इधर, मामले में डीआईजी इरशाद वली ने केस डायरी तलब की है।