सबको लगता है कि वॉक करना सबसे आसान व्यायाम है लेकिन यदि आपको इसका लाभ लेना है, तो सही तरीके से चलना होगा। गलत तरह से वॉक करना आपको नुकसान भी पहुंचा सकता है। चाहे ब्रिस्क वॉक हो या साधारण पैदल चलना, दोनों में सही पॉश्चर रखना बेहद जरूरी है। आप जितनी तेज व ज्यादा दूरी तक रोजाना पैदल चलते हैं, शरीर को उतना ही फायदा मिलता है लेकिन, अपनी शारीरिक क्षमता अनुसार ही पैदल चलें।

पैदल चलना अच्छा व्यायाम है, मगर इसे परिपूर्ण नहीं कहा जा सकता। सिर्फ पैदल चलने से आपको 90 प्रतिशत तक फायदे मिलते हैं जबकि चलने के साथ हाथों का सही मूवमेंट और थोड़ी स्ट्रेचिंग भी हो, तो आपको शत-प्रतिशत लाभ मिल सकता है। लगभग डेढ़ किलोमीटर तक ब्रिस्क वॉक से 100 कैलरीज तक बर्न होती हैं। वहीं हफ्ते में अगर तीन दिन,तीन किलोमीटर की वॉक करते हैं, तो हर तीसरे हफ्ते आधा किलो तक वजन भी कम हो सकता है। मगर ऐसा तभी संभव है, जब आप यहां दिए गए टिप्स का अनुसरण करें। न करें यह गलती कई लोग वॉक करते समय तेजी से चलने के बाद अचानक रुक जाया करते हैं। ऐसा मोबाइल में मैसेज, कॉल या म्यूजिक बदलने की वजह से होता है। ऐसा नहीं करना चाहिए। इससे शरीर को नुकसान होता है।

-वॉक करते समय गर्दन सीधी व सामने की ओर रखें। नीचे या दाएं-बाएं न देखें। हमेशा सामने की ओर देखकर चलने का प्रयास करें। चिन थोड़ा नीचे की ओर झुकी होनी चाहिए। पेट को अंदर की ओर खींचकर रख सकें, तो बेहतर होगा। कंधों का मूवमेंट ज्यादा होना चाहिए।

-पीठ भी सीधी रखें। इसे आगे या पीछे की तरफ झुकाकर न चलें। हाथों को हिलने दें। अगर हाथ स्वाभाविक तौर पर कोहनी से मुड़ते भी हों, तो और भी अच्छा होगा। इस तरह चलें कि पैर की उंगलियां, एड़ी, घुटने आदि गतिशील हों।

-वॉकिंग/जॉगिंग शूज पहनकर ही वॉक पर जाएं। कपड़े थोड़े ढीले और हवादार होने चाहिए। टाइट फिट कपड़े नपहनें।

-यदि पहली बार वॉक की शुरुआत कर रहे हैं, तो खासकर पैरों को स्ट्रेच करना न भूलें। ध्यान रखें, आपको मार्च-पास्ट नहीं करना है, बस सीधे चलना है।

-गार्डन में वॉक के दौरान ईयरफोन लगाकर म्यूजिक सुन सकते हैं। इससे दिमाग रिलैक्स होता है। मगर सड़क पर वॉक करते हुए गाना न सुनें, यह खतरनाक हो सकता है।

-वॉक करते हुए मुंह से सांस न लें। इससे मुंह सूख जाता है और फेफड़ों समेत पूरे शरीर को सही तरह से ऑक्सीजन नहीं मिल पाती। साथ ही फेफड़ों में धूल भी पहुंचती है।

-फोन पर बात करते हुए वॉक न करें। इससे चलने के फायदे कम हो जाते हैं, क्योंकि शरीर और दिमाग के बीच तालमेल होना जरूरी है।

-तेज गर्मी में वॉक करने से बचें, इससे हीट स्ट्रोक हो सकता है।

-एड़ी पर जोर डालने से बचें। पंजों पर जोर रहेगा तो बेहतर है, वर्ना टखने में दर्द हो सकता है।

कितनी देर करें वॉक?

अधिकतर लोगों को पता नहीं होता कि वॉक कितनी देर तक करना चाहिए। एक्सपट्‌र्स के अनुसार रोजाना कम से कम आधे घंटे तक चलना चाहिए। यदि आप 35 वर्ष तक के हैं और स्वस्थ हैं, तो अधिक दूरी तक ज्यादा स्पीड मेंचला जा सकता है। यदि उम्र 40 के पार है, तो कम स्पीड में वॉक करें। 30 साल की उम्र तक तेज चाल के साथ जॉगिंग भी की जा सकती है। इस उम्र में घंटे-डेढ़ घंटे तक वॉक करने में कोई दिक्कत नहीं होती। 35 से 50 वर्ष तक की उम्र में कम स्पीड में लगभग 30-45 मिनट ही पैदल चलें। अगर थकान महसूस हो, तो बीच-बीच में रुकें या थोड़ी देर सुस्ता लें। ऐसा करने से आपके शरीर का मेटाबॉलिज्म भी अच्छा रहेगा।