श्रीनगर। बुधवार को आतंकियों ने दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग में सुरक्षाबलों पर घात लगाकर हमला किया। इसमें सीआरपीएफ के दो एएसआइ और तीन कांस्टेबल शहीद हो गए। जवाबी कार्रवाई में एक आतंकी भी मारा गया। हमले में चार जवान, अनंतनाग के थाना प्रभारी और एक युवती सहित 6 लोग घायल हो गए। गृह मंत्री ने इस हमले को लेकर सीआरपीएफ के डीजी से जानकारी मांगी है। इसके बाद CRPF डायरेक्टर जनरल (DG) आरआर भटनागर गृह मंत्रालय में पहुंच गए हैं। यहां वे गृह सचिव राजीव गाउबा को अनंतनाग में हुए आतंकी हमले के संबंध में ब्रीफ देंगे।

भाग निकले आतंकियों की तलाश में सुरक्षाबलों ने अभियान छेड़ दिया है। यह हमला उस जगह हुआ जहां से अमरनाथ यात्रा गुजरेगी। अल-उमर मुजाहिदीन आतंकी संगठन के प्रवक्ता ने हमले के करीब आधे घंटे बाद स्थानीय पत्रकारों को फोन कर हमले की जिम्मेदारी ली। आतंकी संगठन के प्रवक्ता ने हमलों में और तेजी लाने की धमकी भी दी है।

शाम करीब 4.55 बजे सीआरपीएफ की 116वीं वाहिनी और राज्य पुलिस के जवानों के एक संयुक्त कार्यदल ने अनंतनाग में नाका लगाया था। इसी दौरान आतंकी सड़क किनारे छिपे बैठे थे। मौका पाते ही उन्‍होंने सुरक्षाबलों पर हमला कर दिया।

इसमें 9 सुरक्षाकर्मी और वहां से गुजर रही युवती समेत 10 लोग घायल हो गए। थाना प्रभारी अनंतनाग अरशद अहमद खान व अन्य जवानों ने जवाबी फायर किया। 20 मिनट तक चली मुठभेड़ में एक आतंकी मारा गया, लेकिन अन्य साथी भाग निकले।

शहीदों में मध्‍यप्रदेश के देवास से संदीप यादव शामिल

कश्मीर के अनंतनाग में हुए आतंकी हमले में शहीद जवानो में मध्यप्रदेश के देवास जिले के वीर सपूत संदीप यादव भी शहीद हुए हैंं। मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा कि वीर सपूत संदीप यादव की शहादत व्यर्थ नहीं जायेगी। उन्होंने देश व देशवासियों की सुरक्षा के लिये अपनी शहादत दी है। संदीप यादव के परिवार के साथ पूरी सरकार खड़ी है। शहीद के परिवार को सरकार की ओर से आर्थिक सहायता के साथ पूरी मदद की जावेगी।

हमले की सूचना मिलते ही सीआरपीएफ और पुलिस के आलाधिकारी अपने दल बल समेत मौके पर पहुंच गए। उन्होंने तलाशी अभियान चलाया। इसके साथ ही जख्मी सुरक्षाकर्मियों व अन्य लोगों को अस्पताल पहुंचाया। जिला अस्पताल में सीआरपीएफ के दो एएसआइ समेत 5 जवानों ने दम तोड़ दिया। अन्य घायल सीआरपीएफ कर्मियों व पुलिसकर्मियों को जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद श्रीनगर स्थित सेना के 92 बेस अस्पताल ले जाया गया।

पुलवामा हमले के बाद से ही जम्मू कश्मीर घाटी में भारतीय सेना ने आतंकियों के सफाए के लिए अभियान चला रखा है। इससे बौखलाए आतंकी आए दिन सुरक्षाबलों पर हमले की घटना को अंजाम दे रहे हैं।

आतंकियों ने जब हमला किया तो अनंतनाग के थाना प्रभारी अरशद अहमद खान वहां तैनात थे। हमला होते ही उन्होंने तुरंत मोर्चा संभाला। जवाबी कार्रवाई के दौरान सीने में गोली लगने से वह बुरी तरह घायल हो गए। थाना प्रभारी की सूझबूझ से कई जानें बच गईं। थाना प्रभारी की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बुधवार रात एयर एंबुलेंस से दिल्ली शिफ्ट कर दिया गया।