अयोध्या। अयोध्या में रविवार का दिन काफी अहम होने जा रहा है। विश्व हिंदू परिषद यहां धर्म सभा का आयोजन कर रही है, जिसमें करीब दो लाख लोगों के पहुंचने का दावा किया जा रहा है। आतंकी हमले की आशंका को देखते हुए सुरक्षा की दृष्टि से अयोध्या में पीएसी की 48 और आरएएफ की पांच कंपनियां तैनात की गई हैं। इसके साथ ही ड्रोन कैमरे से पूरे इलाके पर नजर रखी जाएगी।

विश्व हिंदू परिषद की धर्मसभा रविवार को बड़ा भक्तमाल की बगिया में सुबह 11 बजे से होगी। धर्मसभा में उप्र के 50 से ज्यादा जिलों से रामभक्तों का पहुंचना शुरू हो गया है। अयोध्या में राम मंदिर में शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने पत्नी रश्मि और बेटे आदित्य ठाकरे के साथ राम लला के दर्शन किए और वहां से होटल रवाना हो गए।

प्रेस वार्ता में बोले उद्धव- करोड़ों के ईष्ट देव जेल समान पहरे में

शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कहा, हिंदुत्व के नाते ही भाजपा के साथ। अगर हिंदुत्व नहीं तो साथ नहीं। यह सबसे ताकतवर सरकार, मंदिर के लिए अध्यादेश लाए सरकार। चुनाव में राम राम बाद में आराम हिंदुओं की भवनाओं से खिलवाड़ बर्दस्त नहीं रामलला के दर्शन से हुआ व्याकुल..मंदिर नहीं जेल की अनुभूति...करोड़ों के ईष्ट देव जेल समान पहरे में।

मैं सोए हुए कुंभकर्ण को जगाने आया हूं

मंदिर निर्माण को लेकर हो रही देरी पर उद्धव ने तंज कसते हुए शनिवार को कहा- 'कुंभकर्ण छह माह सोता और छह माह जागता था। मैं आज के कुंभकर्ण को जगाने आया हूं।' उन्होंने अटल सरकार की भी याद दिलाई। कहा- 'तब मिली-जुली सरकार थी, तो कठिनाई थी। मगर, आज मजबूत सरकार है। उप्र में मेरे मित्र की सरकार है। अगर आप कानून बनाना चाहते हैं, तो कानून बनाओ, अध्यादेश लाना चाहते, तो अध्यादेश लाओ, लेकिन मंदिर बनाओ।'

एटीएस का विशेष दस्ता तैनात

आशंका है कि आतंकी भीड़भाड़ में साधु की वेशभूषा में भी घुसपैठ कर सकते हैं। यही वजह है कि अयोध्या में खासकर आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) के विशेष कमांडो तैनात किए जाने के साथ ही खुफिया तंत्र को और अधिक सक्रिय कर दिया गया है। संतों की धर्मसभा में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने के दौरान अधिक खतरे की बात कही गई है।

विहिप की धर्मसभा में जगतगुरु रामानंदाचार्य स्वामी रामभद्राचार्य, रामजन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास, हरिद्वार के जगतगुरु रामानंदाचार्य हंसदेवाचार्य, महानिर्वाणी अखाड़ा के महंत रविंद्रपुरी, दिगंबर अखाड़ा के महंत सुरेश दास, जगतगुरु रामानुजाचार्य वासुदेवाचार्य, महामंडलेश्वर ओडिशा के स्वामी ज्ञानानंद गिरि समेत करीब सौ संत व विशिष्टजन शामिल होंगे। इनके साथ ही आरएसएस के सह सरकार्यवाह डॉ. कृष्णगोपाल समेत संघ व विहिप के कुछ अन्य बड़े नेताओं के शामिल होने की भी संभावना है।

बताते चलें कि शनिवार को उद्धव सरयू आरती में भी शामिल हुए। वह लक्ष्मण किला मैदान में अखिल भारतीय ब्राह्मण संसद द्वारा आयोजित संत सम्मान समारोह व आशीर्वादोत्सव में उद्धव मुख्य अतिथि थे। वह मुंबई से विशेष विमान से सपरिवार आए और एयरपोर्ट से सीधे पंचवटी पहुंचे। फिर वहां से निर्धारित समय से करीब ढाई घंटे विलंब से पत्नी रश्मि ठाकरे, पुत्र आदित्य ठाकरे व कई सांसदों समेत वह कार्यक्रम में पहुंचे।