नई दिल्ली। बिहार में कांग्रेस ने राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के साथ सीटों के बंटवारे को अंतिम रूप दे दिया है। कांग्रेस प्रदेश में लोकसभा की 40 में से 11 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। सूत्रों ने गुरुवार को बताया कि बुधवार को दोनों दलों के शीर्ष नेताओं की आठ घंटे तक चली बैठक के बाद सीटों का बंटवारा हो सका। इसके बारे में 17 मार्च को पटना में घोषणा किए जाने की संभावना है।

लालू प्रसाद यादव की पार्टी राजद 20 सीटों पर चुनाव लड़ सकती है। बाकी सीटें पर जीतन राम माझी, उपेंद्र कुशवाहा की आरएलएसपी, अर्जुन राय के लोकतांत्रिक जनता दल और शरद यादव की पार्टी चुनाव लड़ेंगी। हालांकि, राजद की अभी इन छोटे दलों और वाम दलों के साथ सीटों के बंटवारे को लेकर बातचीत फाइनल नहीं हुई है।

सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस महागठबंधन में वाम दलों को शामिल करने की इच्छुक है। लेकिन राजद इसके खिलाफ है। कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल के आवास पर हुई बैठक में राजद के तेजस्वी यादव, कांग्रेस के बिहार प्रभारी शक्ति सिंह गोविल, प्रदेश कांग्र्रेस अध्यक्ष मदन मोहन झा और कार्यवाहक प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश सिंह मौजूद थे। जीतन राम माझी, उपेंद्र कुशवाहा और अर्जुन राय भी बैठक में मौजूद रहे।

बाद में गोहिल ने शरद यादव से उनके घर जाकर मुलाकात की। गोहिल ने बताया कि चुनाव रणनीति को जल्द फाइनल कर लिया जाएगा और सीटों के बंटवारे की घोषणा भी सही वक्त पर कर दी जाएगी। इस बीच, जदयू के पूर्व उपाध्यक्ष और उसकी चुनाव प्रचार कमेटी के अध्यक्ष सतीश कुमार और चार बार के विधायक वीरेंद्र चौधरी गुरुवार को कांग्रेस में शामिल हो गए।

सूत्रों ने बताया कि पप्पू यादव को भी महागठबंधन में लाने की कोशिश हो रही है। गोहिल ने महागठबंधन में मतभेद की खबरों को गलत बताया। उन्होंने इस बात से भी इनकार किया कि बिहार में बसपा के लिए एक या दो सीट छोड़ने का कोई प्रस्ताव है।