नई दिल्ली। तेजी से तमिलनाडु की तरफ बढ़ रहा तूफान गाजा अगले 24 घंटों में और भीषण रूप लेने वाला है। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार दोपहर तक यह तूफान तमिलनाडु के पामबान और कुड्डालोर से टकरा सकता है। इसे देखते हुए प्रशासन और सरकार अलर्ट है वहीं स्थिति से निपटने के लिए और इंतजाम कर दिए गए हैं। माना जा रहा है कि 15 नवंबर तक गाजा का प्रभाव देखने को मिलेगा।

राहत और बचाव दल का हिस्सा होने के चलते राज्य सरकार ने जरूरी संख्या में कैंप लगाए हैं। कुड्डालोर के कलेक्टर वी अंबुसेल्वम ने बताया है कि डेंजर झोन में रह रहे करीब 20 हजार परिवारों को इन कैंप्स में शिफ्ट किया जाएगा। जानमाल के नुकसान को रोकने के लिए प्रशासन ने मछुआरों को भी समुद्र में जाने से रोका है।

स्थिति को देखते हुए कलेक्टर ने रामेश्वरम और कुड्डालकोर में सभी स्कूलों को बंद रखने के निर्देश दिए हैं।

जानकारी के अनुसार बुधवार शाम तक तमिलनाडु और आसपास के इलाकों में भारी बारिश होने की संभावना जताई जा रही है। मौसम विभाग ने गाजा के गुजर जाने तक मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है। इसके अलावा समुद्र किनारे बसे लोगों को भी सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई है।

मौसम विभाग की ओर से जारी प्रेस रिलीज में कहा गया है कि गाजा नाम का चक्रवात चेन्नई से करीब 540 किलोमीटर ही दूर रह गया है। विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटे के भीतर ‘गंभीर चक्रवाती तूफान’ आ सकता है।

आज से भारी बारिश

विभाग के मुताबिक उत्तरी तमिलनाडु के तटीय क्षेत्रों में 14 नवंबर की रात को औसत जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है। 15 नवंबर को कई जगहों पर औसत बारिश जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने का अनुमान है। कुछ ऐसा ही अनुमान 16 नवंबर के लिए भी जताया गया है।