निशांत यादव, लखनऊ। रेलवे के आरक्षित और जनरल क्लास के टिकट लेने के लिए यात्रियों को अब आरक्षण केंद्रों तक जाने की जरूरत भी नहीं पड़ेगी। ऐसे यात्री जो आईआरसीटीसी की वेबसाइट से टिकट नहीं बना सकते हैं वे एक फोन पर आरक्षित और अनारक्षित दोनों तरह के टिकट घर पर ही मंगवा सकेंगे।

निजी सहभागिता से चल रहे यात्री टिकट सुविधा केंद्रों (वाईटीएसके) पर फोन करने के बाद टिकट मिलने की यह सुविधा जल्द मिलेगी। रेलवे बोर्ड ने इस संबंध में सभी जोनल मुख्यालयों को आदेश जारी किया है।

यात्रियों को आरक्षित और अनारक्षित श्रेणी के टिकट देने के लिए पीपीपी मॉडल के तहत वाईटीएसके टिकट काउंटर खोले गए हैं। इन वाईटीएसके पर दी जाने वाली सुविधाओं को लेकर रेलवे ने यात्रियों का फीडबैक लिया है। पिछले दिनों वाईटीएसके एसोसिएशन का प्रस्ताव उत्तर रेलवे ने रेलवे बोर्ड को दिया है। इसमें आरक्षित और जनरल क्लास के टिकट फोन पर भी बुक कराने की सुविधा देने की मांग की गई है।

रेलवे बोर्ड ने इस मांग को लेकर रेलवे नियमावली 1985 और 2014 का अध्ययन किया। इसी के तहत ही ई-टिकट बनाने वाले आईआरसीटीसी के एजेंट भी काम करते हैं। रेलवे बोर्ड ने वाईटीएसके से फोन पर भी आरक्षित टिकटों की बुकिंग और जनरल टिकट जारी करने की सुविधा देने का निर्णय किया है।

बोर्ड के संयुक्त निदेशक यातायात वाणिज्य हरविंदर सिंह ने सभी जोनल मुख्यालय को फोन पर टिकट बनाने की सुविधा देने का आदेश दिया है। आदेश में कहा गया है कि यात्री को टिकट की डिलीवरी देते समय उनका आवेदन फार्म अवश्य भरा जाए।