नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने एस्सेल खनन एवं उद्योग को ओडिशा में दो खानों में खनन की अनुमति दे दी है, जबकि तीसरी खदान के बारे में कहा गया है कि उसमें तीसरे खान में केवल राज्य सरकार की सहमति मिलने के बाद खनन शुरू किया जा सकता है।

जस्टिस मदन बी. लोकुर और जस्टिस दीपक गुप्ता की पीठ ने गुरुवार को एस्सेल खनन एवं उद्योग को जिल्लिंग और कोइरा में खनन शुरू करने की अनुमति दे दी। यह कंपनी आदित्य बिड़ला समूह से संबद्ध है।

कंपनी ने अदालत को बताया कि उसने जुर्माने के रूप में 1,717 करोड़ रुपये जमा करा दिए हैं। यह जुर्माना राज्य सरकार ने लगाया था। कासिया में खनन गतिविधि शुरू करने के लिए उसे ओडिशा सरकार से अनुमति लेनी होगी।

एस्सेल खनन एवं उद्योग को अनुमति देते हुए पीठ ने अधिवक्ता प्रशांत भूषण की याचिका पर सुनवाई करने से मना कर दिया। याचिका नामंजूर करते हुए पीठ ने कहा कि वह सुनवाई का दायरा बढ़ाने के पक्ष में नहीं है।