हरिकिशन शर्मा, नई दिल्ली। देश के सबसे बड़े बैंक पंजाब नेशनल बैंक में फ्रॉड पर सख्त रुख अख्तियार करते हुए सरकार ने साफ कहा है कि इस मामले में सरकारी बैंक की पूरी धनराशि वसूल की जाएगी और किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि बैंक इस मामले के लिए जरूरी प्रॉविजनिंग (घाटे की भरपाई के लिए अलग से धन रखना) करेगा और इसके लिए उसके पास पर्याप्त धन है।

वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवा विभाग के सचिव राजीव कुमार ने कहा कि यह मामला सिर्फ एक बैंक के एक ब्रांच का है और दोषी व्यक्ति के खिलाफ हर संभव कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पीएनबी फ्रॉड में सभी परिसंपत्तियों को वसूल किया जाएगा और किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले का असर अन्य बैंकों पर नहीं पड़ेगा। जांच एजेंसियां इस मामले की पड़ताल कर रही हैं। साथ ही अन्य बैंकों को भी इस मामले के बारे में सतर्क कर दिया गया है।

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उल्लेखनीय है कि पीएनबी में 11,400 करोड़ रुपये के फ्रॉड का मामला सामने आया है। पीएनबी की एक ब्रांच ने अरबपति ज्वैलर नीरव मोदी और उनसे जुड़ी कंपनियों को (एलओयू) लैटर ऑफ अंडरटेकिंग और फॉरेन लैटर ऑफ क्रेडिट (एफएलसी) जारी किए जिसके आधार पर उन्होंने विदेशों में स्थित भारतीय बैंकों से कर्ज उठाया। एलओयू दरअसल एक पत्र होता है जो एक बैंक अपने ग्राहक के लिए दूसरे बैंक को जारी करता है। एलओयू जारी होने पर दूसरा बैंक उक्त ग्राहक को उस पत्र के आधार पर लोन दे सकता है।

वित्त मंत्रालय के अनुसार पीएनबी फ्रॉड मामले में छह कंपनियों को 9539.38 करोड़ रुपये के एलओयू और 1799.36 करोड़ रुपये के एफएलसी जारी हुए। इसके आधार पर सोलर एक्सपोर्ट, स्टेलर डायमंड, डायमंड आर यूएस, गीतांजलि जेम्स, गिली इंडिया, नक्षत्र और चंद्री पेपर्स को जारी हुए।

सरकार इस मामले को लेकर कितनी सतर्क है, इसका अंदाजा इस तथ्य से लगाया जा सकता है कि बुधवार को सार्वजनिक अवकाश होने के बावजूद केंद्र ने जांच एजेंसियों को इस मामले में तत्परता से कदम उठाने के लिए सक्रिय किया। सरकार ने सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय को फौरन इस पर कार्रवाई करने को कहा। इसी का परिणाम है कि जांच एजेंसियों ने बृहस्पतिवार को सुबह-सुबह नीरव मोदी और उससे जुड़े व्यक्तियों व कंपनियों के ठिकानों पर छापेमारी की।

इधर पीएनबी ने यह मामला सामने आने के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो में आरोपियों के खिलाफ शिकायत दर्ज करायी है। साथ ही पीएनबी ने शुरुआती जांच में इस मामले में लिप्त पाए गए 10 कर्मचारियों को निलंबित भी किया है।

ऐसे जारी हुए कंपनियों को एलओयू

(राशि करोड़ रु में)

कंपनी एलओयू एफएलसी

सोलर एक्सपोर्ट -------------2152.88

स्टेलर डायमंड ------------- 2134.71

डायमंड आर यूएस --------- 2210.61

गीतांजलि जेम्स ------------- 2144.37 575.11

गिली इंडिया ---------------- 566.65 625.40

नक्षत्र------------------------- 321.10 598.85

चंद्री पेपर्स--------------------9.10

कुल योग 9539.38 1799.36