जयपुर। चुनावी साल में हर वर्ग को खुश करने में जुटी राजस्थान की वसुंधरा राजे सरकार ने अब महिला अधिकारियों व कर्मचारियों को लुभाने के लिए 18 साल तक के बच्चों की देखभाल के लिए सेवाकाल में 730 दिन का अवकाश देने का निर्णय किया है। इसके लिए अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सेवा नियमों में संशोधन किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने बजट में इसकी घोषणा की थी और अब सेवा नियमों में संशोधन किया जा रहा है। अगले कुछ ही दिनों में अधिकारिक आदेश जारी हो सकेंगे। इसके बाद किसी महिला अधिकारी अथवा कर्मचारी का बच्चा निःशक्त होगा तो उसके 22 साल तक की उम्र पूरी होने तक अवकाश का लाभ मिल सकेगा।

अब तक महिला कर्मचारियों को छह माह का मातृत्व अवकाश मिलता था, लेकिन अब 730 दिन किया जा रहा है। इसके साथ ही अन्य राज्यकर्मचारियों की तरह वर्ष में 15 आकस्मिक अवकाश, 30 उपार्जित अवकाश और दो ऐच्छिक अवकाश भी मिलेंगे।

इसके साथ ही जेलों में बंद महिला बंदियों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने के लिए 17 मई से एक अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत एक टीम गठित की जाएगी, जिसमें शिक्षा, चिकित्सा, मनोविज्ञान और महिला एवं बाल विकास विभागों से जुड़े प्रतिनिधि शामिल होंगे । यह टीम प्रदेश की सभी जेलों का दौरा कर महिला बंदियों की स्थिति का अवलोकन करेगी।

राज्य की महिला एवं बाल विकास मंत्री अनिता भदेल ने बताया कि सरकार ने महिला कर्मचारियों के लिए कुछ और योजनाओं को लेकर विचार करना शुरू किया है। अगले कुछ ही दिनों में इन्हें लागू कर दिया जाएगा।