नागपुर। 40 वर्ष की उम्र में क्रिकेट खेलना किसी भी खिलाड़ी के लिए जरा मुश्किल होता है लेकिन भारत के लिए 31 टेस्ट और 2 वनडे खेलने वाले बल्लेबाज वसीम जाफर का जलवा क्रिकेट के मैदान पर लगातार जारी है। जाफर ने ईरानी ट्रॉफी के मुकाबले में रेस्ट ऑफ इंडिया के खिलाफ अपने फर्स्ट क्लास क्रिकेट का 53वां शतक लगाया। जाफर घरेलू मैचों में पहले काफी समय तक मुंबई के लिए खेले लेकिन वर्ष 2015 में उन्होंने मौजूदा रणजी विजेता टीम विदर्भ के लिए खेलना शुरू कर दिया।

घरेलू क्रिकेट में वसीम जाफर को कमाल का बल्लेबाज माना जाता है। भारत के फर्स्ट क्लास घरेलू क्रिकेट में वो सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं। वो जिस कद के बल्लेबाज हैं उसे देखते हुए कई लोगों का मानना था कि वो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और बेहतर कर सकते थे। जाफर ने भारत के लिए अब तक सिर्फ 31 टेस्ट मैचों में 34.10 की औसत से 1944 रन बनाए हैं। उनके नाम पर टेस्ट में पांच शतक है और उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 212 है। वहीं दो वनडे मैचों में उनके नाम पर सिर्फ 10 रन ही है।

पांच दिनों का ईरानी कप घरेलू सीजन के अंत में रणजी ट्रॉफी विजेता और रेस्ट ऑफ इंडिया के बीच खेला जाता है। नागपुर में रेस्ट ऑफ इंडिया और विदर्भ के बीच खेले जा रहे इस मैच के पहले दिन विदर्भ ने टॉस जीतकर बल्लेबाजी का फैसला किया। पहले दिन का खेल खत्म होने तक विदर्भ ने दो विकेट पर 289 रन बनाए। इस मैच में पहले दिन वसीम जाफर 166 गेंद पर 113 रन बनाकर नाबाद हैं। अपनी पारी में उन्होंने अब तक 16 चौके और एक छक्का लगाया साथ ही ये उनके फर्स्ट क्लास करियर का 53वां शतक था। विदर्भ की तरफ से ओपनर बल्लेबाज फैज फजल ने 89 और संजय रामास्वामी ने 53 रन की पारी खेली। विदर्भ की तरफ से पहले दिन का खेल खत्म होने तक वसीम जाफर नाबाद 113 रन जबकि गणेश सतीश 29 रन बनाकर नाबाद हैं।

वसीम जाफर के फर्स्ट क्लास क्रिकेट करियर की बात करें तो इस मैच को छोड़कर (ये आंकड़े उनके 242वें फर्स्ट क्लास मैच से पहले का है) इससे पहले तक उन्होंने 241 फर्स्ट क्लास मैचों में 49.78 की औसत से 17824 रन बनाए हैं। इन मैचों में उनके नाम पर 52 शतक हैं और नाबाद 314 रन उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर है।