एम्सटर्डम। लुकास मौरा की शानदार हैट्रिक की मदद से इंग्लिश फुटबॉल क्लब टॉटेनहम हॉट्सपर ने हॉलैंड के क्लब अजाक्स को हराकर यूएफा चैंपियंस लीग के फाइनल में प्रवेश कर लिया। ये क्लब के इतिहास में पहला मौका है जब टीम चैंपियंस लीग के फाइनल में पहुंची है। अब फाइनल में टॉटेनहम का सामना 1 जून को इंग्लैंड के ही क्लब लिवरपूल से होगा जिसने बार्सिलोना को 4-3 से हराया था।

टॉटेनहम सेमीफाइनल के पहला लेग अजाक्स से 1-0 से हार गई थी, लेकिन सेमीफाइनल के दूसरे चरण में टॉटेनहम ने शानदार प्रदर्शन किया और लुकास की बेहतरीन हैट्रिक से अजाक्स को 3-2 से शिकस्त दी। हालांकि अजाक्स ने जोरदार शुरुआत करते हुए 5वें मिनट में ही बढ़त मिल गई थी जब टीम के कप्तान मैथिस ने गोल दागा। इसके बाद अजाक्स के लिए 36वें मिनट में हाकिम जियाक ने दूसरा गोल किया। इस समय तक अजाक्स 2-0 से आगे थी और टॉटेनहम की हार पक्की लग रही थी। लेकिन दूसरे हाफ में गेम पूरी तरह बदल गया। टॉटेनहम ने शुरू से ही हमले करना शुरू किए। इसी दौरान लुकास मौरा ने एक के बाद एक लगातार 3 गोल दागे और मैच का रूख ही बदल दिया। लुकास ने 55वें, 59वें और इंज्यूरी टाइम में दनादन गोल दागकर टॉटेनहम को 3-2 से बढ़तत दिला दी।

लुकास बने 5वें खिलाड़ी

लुकस मौरा चैंपियंस लीग के सेमीफाइनल में हैट्रिक दागने वाले 5वें खिलाड़ी बने। इससे पहले इटली के डेल पिएरो, क्रोएशिया के इविका ओलिच, पोलैंड के रॉबर्ट लेवेंदोस्की और पुर्तगाल के क्रिस्टियानो रोनाल्डो सेमीफाइनल में हैट्रिक लगा चुके हैं।

बेहतर गोल औसत के आधार मिली जीत

अजाक्स ने सेमीफाइनल का दूसरा चरण 3-2 से जीता। पहला चरण वह 0-1 से हार गया था। इस तरह एग्रीगेट स्कोर 3-3 हो गया था, लेकिन अवे गोल के आधार टॉटेनहम ने फाइनल में जगह बनाई। टॉटेनहम यूएफा चैंपियंस लीग के फाइनल में पहुंचने वाली इंग्लैंड की 8वीं टीम है।

दो इंग्लिश क्लब होंगे फाइनल में

1 जून को होने वाले फाइनल में अब टॉटेनहम का सामना इंग्लैंड के ही क्लब लिवरपूल से होगा। यूएफा चैंपियंस लीग के इतिहास में ये तीसरा मौका होगा जब इंग्लैंड के दो क्लब फाइनल में आमने-सामने होंगे। इससे पहले साल 2008 में मैनेचेस्टर यूनाइटेड और चेल्सी की टीमें फाइनल में भिड़ी थीं। अब 11 साल बाद ये मौका फिर आया है। उससे पहले 1972 में टॉटेनहम और वोल्व के बीच यूएफा कप का फाइनल खेला गया था।