विशाखापट्टनम। मुंबई इंडियंस ने आईपीएल 2019 के फाइनल में चेन्नई सुपरकिंग्स को हराकर खिताब जीता। ये मुंबई का रिकॉर्ड चौथा आईपीएल खिताब रहा। मैच में रोमांच ने सारी हदें पार की और अंतिम गेंद पर चैंपियन का फैसला हुआ।

मुंबई इंडियंस (MI) को चैंपियन बनाने में लसिथ मलिंगा द्वारा अंतिम ओवर में की गई शानदार गेंदबाजी का भी बड़ा योगदान रहा। अंतिम ओवर में चेन्नई को जीत के लिए 9 रन चाहिए थे। उस समय शेन वॉटसन और रविंद्र जडेजा खेल रहे थे। इसके बाद भी रोहित शर्मा ने अंतिम ओवर फेंकने के लिए मलिंगा को गेंद थमा दी। रोहित के इस फैसले से पहले तो मुंबई इंडियंस के फैंस हैरान हुए क्योंकि मलिंगा ने इससे पहले पारी का 16वां ओवर फेंका था, जिसमें उन्होंने 20 रन लुटाए थे। मैच के बाद रोहित ने खुलासा किया कि उस समय उनके दिमाग में क्या चल रहा था और उन्होंने मलिंगा से अंतिम ओवर कराने का फैसला क्यों किया।

कप्तान रोहित शर्मा ने बताया- मलिंगा ने वही किया जो एक चैंपियन गेंदबाज करता है। एक खराब ओवर के बावजूद मुझे उन पर पूरा भरोसा था। उन्हें भी खुद पर भरोसा था कि वह हमें जीत दिला सकते हैं। एक पल के लिए मैंने हार्दिक के बारे में सोचा, लेकिन मलिंगा ने इसे कई बार हमारे लिए कर दिखाया था तो मैंने उन्हें मौका दिया। मलिंगा ने अंतिम गेंद पर विकेट लेकर टीम को चैंपियन बनाया और उसके बाद मलिंगा सभी खिलाड़ियों के लिए हीरो बन गए। किरोन पोलार्ड ने उन्हें कंधे पर बिठाकर जीत की खुशी मनाई।

हालांकि मलिंगा उस एक ओवर के कारण पूरे मैच में महंगे गेंदबाज साबित हुए थे। उनके कारण रोहित ने कृणाल पांड्या से पारी का 18वां ओवर कराया था। लेकिन कृणाल के इस ओवर में वॉटसन ने 3 छक्के लगाए। इस ओवर में भी 20 रन गए थे। इस कारण चेन्नई जीत के बहुत करीब तक पहुंच गया था। चेन्नई को अंतिम गेंद पर जीत के लिए 2 रनों की जरुरत थी, लेकिन मलिंगा ने दीपक चाहर को एलबीडब्ल्यू कर मुंबई को जीत दिला दी। मलिंगा के लिए ये विकेट बहुत महत्वपूर्ण उपलब्धि था क्योंकि इससे मुंबई तो चैंपियन बना ही, लेकिन उनके काफी रन देने और वॉटसन का कैच छोड़ने की गलतियों की भरपाई इससे पूरी हो गई।

रोहित शर्मा ने इस खिताबी जीत का श्रेय सबको दिया। उन्होंने कहा- इस जीत के लिए ना सिर्फ फाइनल में खेलने वाले 11 खिलाडि़यों को, बल्कि पूरी टीम को जीत का श्रेय जाता है। साथ ही सपोर्ट स्टाफ को भी इसका श्रेय जाता है। इस टूर्नामेंट में हमारी गेंदबाजी बेहतरीन रही। हमने कुछ अच्छी क्रिकेट खेली। अच्छा लगा कि हम शीर्ष दो टीमों के तौर पर क्वालीफाई करने में सफल रहे। एक कप्तान के तौर पर मैं हर मुकाबले, हर टूर्नामेंट से सीख रहा हूं।

इस महामुकाबले में मुंबई ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी की और 20 ओवर में 8 विकेट खोकर 149 रन बनाए। जवाब में चेन्नई की टीम 20 ओवर में 7 विकेट पर 148 रन ही बना सकीं। इसी के साथ मुंबई चौथी बार आईपीएल विजेता बना है।