नई दिल्ली। गूगल ने भारत को ध्‍यान में रखते हुए गूगल फॉर इंडिया 2018 कार्यक्रम का आयोजन किया है। इस दौरान गूगल ने साफ किया कि वो अपनी पेमेंट सुविधाओं को लेकर काफी गंभीर है। इस संबंध में दिवाली तक 150000 स्‍टोर्स तक पहुंचाने का काम किया जाएगा। इसी संबंध में बड़ा कदम उठाते हुए 'गूगल तेज' को 'गूगल पे' के नाम से जाना जाएगा। गूगल इस बात का भी ध्‍यान रखेगा कि इसकी पहुंच छोटे व्‍यापारियों तक बनाई जाए।

गूगल पे के जरिए मिलेगी लोन की सुविधा

गूगल की इस पेमेंट सर्विस के जरिए यूजर्स को इंस्टैंट लोन भी उपलब्ध कराया जाएगा। इस सुविधा के लिए गूगल ने फेडरल बैंक, एचडीएफसी बैंक समेत कुछ अन्य बैंकों के साथ साझेदारी की है। यूजर्स को दिए जाने वाले लोन की राशि प्री-अप्रूर्व्ड होगी। यूजर्स को यह राशि बैंक के जरिए दी जाएगी। इस इवेंट में नेक्सट बिलियन यूजर के वाइस प्रेजिडेंट सीजर सेनगुप्ता ने कहा, 'गूगल पे के केवल नाम ही बदलाव किया गया है। इसके फीचर्स को पहले जैसा ही रखा है। इसमें किसी तरह का कोई बदलाव नहीं किया गया है।'

2.2 करोड़ लोग करते हैं 'गूगल तेज' का इस्तेमाल

गूगल फॉर इंडिया 2018 इवेंट में बताया गया कि इस ऐप का इस्तेमाल 2.2 करोड़ लोग प्रति माह करते हैं। आंकड़ों पर गौर किया जाए तो पिछले साल सितंबर से लेकर अब तक गूगल पे के जरिए करीब 75 करोड़ रुपये का लेन-देन किया गया है। कंपनी ने ऐसा दावा किया है कि जब से गूगल तेज को लॉन्च किया गया है तब से लेकर अब तक हर महीने भीम यूपीआई से लेन-देन 14 गुना बढ़ गया है।

जानें 'गूगल तेज' के बारे में

गूगल तेज ऐप को सितंबर 2017 में लॉन्च किया गया था। यह ऐप एनपीसीआई के यूपीआई प्लेटफॉर्म पर काम करता है। यह एंड्रॉइड और आईओएस दोनों ही प्लेटफॉर्म को सर्पोट करता है। यह मोबीक्विक या पेटीएम की तरह काम करने वाला मोबाइल वॉलेट नहीं है। यह एक यूपीआई(यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस) ऐप है। इस ऐप के जरिए आप किसी के भी अकाउंट में पैसा ट्रांसफर कर सकते हैं। इसके लिए आपको आईएफएसी कोड या अकाउंट नंबर की जरूरत नहीं होती है। आप यूपीआई से जुड़े मोबाइल नंबर के जरिए पैसे का आदान-प्रदान कर सकते हैं।