काठमांडू। नेपाल में दुघर्टनाग्रस्त हुए बांग्लादेशी विमान के चालक रनवे 02 और 20 को लेकर गफलत में थे। एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) और पायलेट की बातचीत में यह उजागर हुआ है। माना जा रहा है कि दुघर्टना इसी कारण हुई थी।

उल्लेखनीय है कि अमेरिकी-बांग्लादेशी एयरलाइंस का विमान सोमवार को ढाका से काठमांडू जा रहा था। इस पर 67 यात्री और चार विमान कर्मी सवार थे। त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरते समय विमान दुघर्टनाग्रस्त होकर फुटबॉल के मैदान में जा गिरा। हादसे में करीब 49 लोगों की मौत हो गई। इसे 25 वर्षों में सबसे बड़ा हवाई हादसा बताया गया है। एयरपोर्ट के अधिकारी व एयरलाइंस इसके लिए एक-दूसरे को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं।

ऐसी हुई थी बातचीत-

एटीसी - बांग्ला-211 आप रनवे 02 पर लैंड कर सकते हैं।

पायलेट : ठीक है।

एटीसी : 211 आप रनवे 20 की तरफ बढ़ रहे हैं।

पायलेट : कुछ समझ नहीं आ रहा है। क्या आप हमें रनवे 02 की तरफ बढ़ने को कह रहे हैं?

एटीसी : अब आप रनवे 02 पर लैंड कर सकते हैं।

इसके बात बातचीत कुछ समय के लिए रुक गई।

एटीसी : 211 क्या आप रनवे 20 की तरफ बढ़ रहे हैं?

पायलेट : हां

एटीसी : आप थोड़ी देर रुक जाएं, रनवे 20 पर अभी ट्रैफिक है।

पायलेट : हम रनवे 20 पर लैंड करना चाहते हैं।

इसी बीच एटीसी से नेपाल के एक सैन्य विमान को रनवे 20 पर उतरने का निर्देश दिया जाता। 211 के पॉयलेट इसे अपना निर्देश समझकर पूछते हैं : क्या हम लैंड कर सकते हैं?

एटीसी : बांग्ला 211 मैं फिर से दोहरा रहा हूं, आप पीछे मुड़ जाएं।

फिर थोड़ी देर की खामोशी के बाद विमान दुघर्टनाग्रस्त हो गया, जिससे कंट्रोल रूम का फायर अलार्म बजने लगा।


जांच के लिए टीम गठित-

नेपाल सरकार ने नागरिक उड्डयन प्राधिकरण के पूर्व महानिदेशक यज्ञेय प्रसाद गौतम के नेतृत्व में छह सदस्यीय जांच टीम का गठन कर दिया है। टीम की जांच में विमान के मलबे से फ्लाइट डाटा रिकार्डर बरामद कर लिया गया है।

नेपाल पहुंचा बांग्लादेशी प्रतिनिधिमंडल -

विमान हादसे के कारणों पर चर्चा के लिए उच्च-स्तरीय बांग्लादेशी प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को काठमांडू पहुंच गया। इसमें नागरिक उड्डयन और पर्यटन मंत्री ए के एम शाहजहां कमल और विदेश मंत्री अब्दुल हसन महमूद अली समेत कई अधिकारी शामिल हैं। हादसे में बचे लोगों से मुलाकात के बाद यह दल नेपाल के अधिकारियों के साथ बैठक करेगा।

पहले भी हुए हैं हादसे-

सितंबर 1992 में यहां पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस का विमान दुघर्टनाग्रस्त हुआ था। इस हादसे में विमान में सवार सभी 167 लोग मारे गए थे। फरवरी 2016 में हुए एक अन्य विमान हादसे में 23 लोगों की मौत हुई थी।